CAPF: महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण के बाद भी अर्धसैनिक बल में भागीदारी है कम

केंद्र सरकार द्वारा केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण देने के निर्णय के बाद भी महिलाओं की संख्या काफी कम है. गृह मंत्रालय की संसदीय समिति ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में तय लक्ष्य से कम महिला भागीदारी होने पर चिंता जाहिर करते हुए सरकार से जरूरी कदम उठाने को कहा है.

CAPF: देश में हर क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है. केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के उपाय किए गए हैं. केंद्र सरकार द्वारा केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण देने के निर्णय के बाद भी महिलाओं की संख्या काफी कम है. गृह मंत्रालय की संसदीय समिति ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में तय लक्ष्य से कम महिला भागीदारी होने पर चिंता जाहिर करते हुए सरकार से जरूरी कदम उठाने को कहा है. आंकड़ों के अनुसार जनवरी 2025 तक केंद्रीय अर्धसैनिक बल में महिलाओं की भागीदारी 5 फीसदी से भी कम है 

गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने वर्ष 2016 में केंद्रीय अर्धसैनिक बल में महिलाओं सिपाही के पद पर 33 फीसदी आरक्षण देने का फैसला लिया था. सरकार ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, सीमा सुरक्षा बल, सहस्त्र सीमा बल और भारत-तिब्बत पुलिस बल में महिलाओं को मौका देने का निर्णय लिया था. 
संसदीय समिति का कहना है कि सरकार की महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के फैसले के बावजूद केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में महिलाओं की भागीदारी लक्ष्य के अनुसार नहीं बढ़ सकी है.

ऐसे में मंत्रालय को महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए विशेष भर्ती अभियान चलाना चाहिए. इसके अलावा संसदीय समिति ने अर्धसैनिक बलों की सभी सुविधाओं तक महिलाओं की पहुंच सुनिश्चित करने, कार्यस्थल पर शिकायतों के निवारण के लिए व्यवस्था निर्माण करने और यौन शोषण के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति बनाने की सिफारिश की है. 

 
महिलाओं को मिले विशेष सुविधा

संसदीय समिति ने अर्धसैनिक बलों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए मेंटरशिप प्रोग्राम और नेतृत्व विकास के लिए कार्यक्रम चलाने की सिफारिश की है. साथ ही महिलाओं को कार्यबल में बनाए रखने के लिए एक खास आयु के बाद बेहतर जगह पर पोस्टिंग देने की सिफारिश की है. हालांकि सरकार की ओर से आरक्षण, नौकरी के लिए शुल्क में छूट और बच्चों की देखभाल के लिए कई तरह की सुविधा मुहैया करायी गयी है और इसका सकारात्मक असर दिख रहा है.
 केंद्रीय अर्धसैनिक बल में तीन बल सीमा सुरक्षा बल, सशस्त्र सुरक्षा बल और भारतीय-तिब्बत सीमा पुलिस सीमा सुरक्षा से जुड़े हैं, जबकि केंद्रीय अर्धसैनिक सुरक्षा बल और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, असम राइफल आंतरिक सुरक्षा का काम करते है.

सीमा सुरक्षा में लगे अर्धसैनिक बल में महिलाओं की संख्या 4.37 फीसदी और आंतरिक सुरक्षा के काम में लगे बल में 4.63 फीसदी है. मौजूदा समय में सीमा सुरक्षा बल में सबसे अधिक संख्या महिलाओं की है. केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की कुल प्रस्तावित पद 1059674 है, जिसमें 947981 पद भरे हुए है. यानी अर्धसैनिक बलों में 10.54 फीसदी पद रिक्त हैं. 

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