केंद्र सरकार की सेना में भर्ती को लेकर बनायी गयी अग्निपथ योजना को लेकर पंजाब में बवाल की खबर है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार सेना ने आम आदमी पार्टी की सरकार पर भर्ती में सहयोग नहीं करने का आरोप लगाया था. लेकिन अब खबर है कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अग्निवीरों की भर्ती में पूरा सहयोग करना का भरोसा दिया है. सेना ने भी प्रेस वार्ता में बताया कि लुधियाना और गुरदासपुर में भर्ती रैलियां सफलतापूर्वक आयोजित की गयी.
2022-23 के लिए अग्निवीरों की भर्ती अपने कार्यक्रम के अनुसार रहेगा जारी : सेना
भारतीय सेना के सूत्रों के न्यूज एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में बताया कि भारतीय सेना में अग्निपथ योजना के तहत अग्निवीरों की भर्ती वर्ष 2022-23 के लिए अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ रही है. विशेष रूप से पंजाब में, सिविल प्रशासन के पूर्ण समर्थन से लुधियाना और गुरदासपुर में भर्ती रैलियां सफलतापूर्वक आयोजित की गईं. सूत्रों ने बताया कि पिछले वर्षों के रुझानों के अनुसार उम्मीदवारों का पंजीकरण और फुटफॉल उत्साहजनक रहा है. सेना के सूत्रों ने साफ कर दिया है कि भर्ती रैलियों को पंजाब से किसी अन्य राज्य में स्थानांतरित करने की कोई योजना नहीं है.
पंजाब के मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर अग्निवीर भर्ती रैलियों में सहयोग करने की बात कही
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ट्वीट कर अग्निवीरों की भर्ती में सहयोग करने की बात कही. उन्होंने ट्वीट किया और यह भी कहा कि लापरवाही हुई तो एक्शन लिया जाएगा. सभी उपायुक्तों को सेना के अधिकारियों को पूर्ण सहयोग प्रदान करने का निर्देश दिया गया. पंजाब में अग्निवीरों की भर्ती के लिए किसी भी ढिलाई को गंभीरता से लिया जाएगा. राज्य से सेना में अधिक से अधिक उम्मीदवारों की भर्ती के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा.
पंजाब के वित्त मंत्री ने कहा- अग्निपथ योजना का करते रहेंगे विरोध
एक ओर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जहां अग्निपथ योजना में सहयोग करने की बात कही है, तो दूसरी ओर उनके कैबिनेट मंत्री हरपाल चीमा ने कहा, हम अग्निपथ योजना की शुरू से विरोध कर रहे हैं और आगे भी करते रहेंगे.
