दरभंगा. ग्रामीण विधानसभा अंतर्गत सदर प्रखंड के लोआम पंचायत के उप स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति बदतर है. भवन जर्जर हो हो गया है. ग्रामीणों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है. इस केन्द्र की शुरुआत एक दशक पहले स्थानीय विधायक ललित यादव की उपस्थिति में हुई थी. बदहाल उप स्वास्थ्य केन्द्र को लेकर ग्रामीण आक्रोशित हैं. स्थानीय ग्रामीण छेदी सहनी का कहना है कि गांव में हॉस्पिटल खुलवाने के बाद कोई देखभाल करने वाला नहीं है. बुखार आने पर भी हमें जिला मुख्यालय जाना पड़ता है. कोई सुनने वाला नहीं है. वहीं अशोक का कहना है कि अस्पताल बनने के बाद इसे छोड़ दिया गया है. अस्पताल की खिड़कियों के शीशे टूट गए हैं. आपातकालीन स्थिति में कोई अगर बीमार पड़ता है तो यहां से दरभंगा ले जाने के दौरान रास्ते में ही दम तोड़ देता है. ग्रामीण मो. शाहिद का कहना है कि हम लोगों को यहां अस्पताल चाहिए. इधर, जनसुराज नेता डॉ शोएब अहमद खान ने इसे लेकर सरकार को घेरते हुए कहा कि लोआम उपस्वास्थ्य केन्द्र की बदहाली सरकार की नाकामी एवं स्थानीय विधायक की उदासीनता का परिणाम है. बिहार सरकार पूरी तरह शिक्षा-स्वास्थ्य एवं रोजगार जैसे मुद्दों पर असफल है. लोआम जैसे उदाहरण पूरे बिहार में देखने को मिलेंगे. खान ने कहा कि जन सुराज बिहार में व्यवस्था के खिलाफ जंग लड़ता रहेगा.
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