अब भी महानगर के कई इलाके जलमग्न

कोलकाता में भारी बारिश के बाद बुधवार को जनजीवन पटरी पर लाने की कोशिश की जा रही है.

बारिश का कहर. जनजीवन बेपटरी, संघर्ष है जारी

संवाददाता, कोलकाताकोलकाता में भारी बारिश के बाद बुधवार को जनजीवन पटरी पर लाने की कोशिश की जा रही है. सॉल्टलेक और शहर के उत्तरी व मध्य भाग के कुछ हिस्सों में अब भी जलजमाव है. कोलकाता में एक दिन पहले मूसलाधार बारिश के कारण आठ लोगों की मौत हो गयी थी और सामान्य जनजीवन ठप हो गया था. कोलकाता और आसपास के निचले इलाकों से रातभर पानी निकाला गया, लेकिन विधाननगर के निवासी अब भी जलजमाव से जूझ रहे हैं, वाहन धीमी गति से चल रहे हैं और पैदल यात्री जलमग्न गलियों से होकर गुजरने को मजबूर हैं.दुर्घटनाओं से बचने के लिए विधाननगर नगर निगम ने मंगलवार शाम को स्ट्रीट लाइट्स बंद रखीं. अधिकारियों ने बताया कि हालांकि जमा हुआ पानी धीरे-धीरे कम होने लगा है, लेकिन त्योहारों के मौसम से पहले सामान्य जनजीवन बहाल करना प्रशासन के लिए तात्कालिक चुनौती बनी हुई है. एक अधिकारी के मुताबिक और अधिक बारिश की आशंका को देखते हुए बुधवार को कोलकाता और आसपास के जिलों की स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है. बुधवार दोपहर तक बालीगंज में स्थिति सबसे खराब दिखी. पास के गरियाहाट रोड जलमग्न है. बालीगंज पार्क रोड पर पानी कम होने के बावजूद इलाके में बिजली नहीं है. इससे पेयजल संकट भी दिख रहा है. मध्य और उत्तरी कोलकाता के ठनठनिया, अम्हर्स्ट स्ट्रीट या केशवचंद्र सेन स्ट्रीट जैसे इलाके 36 घंटे बाद भी जलमग्न हैं. दक्षिण कोलकाता के बालीगंज के अलावा पार्क सर्कस इलाके में अब भी कई रास्ते जलमग्न हैं. शेक्सपीयर सरणी में भी पानी पूरी तरह से कम नहीं हुआ है. कसबा के कई इलाके जलमग्न हैं. पाटुली में भी यही स्थिति है. पाटुली के नौका बाज़ार इलाके में रहनेवाले लोगों का कहना है कि अभी भी ऐसा लग रहा है जैसे हम किसी डूबे हुए जहाज़ पर सवार हैं. पानी के कारण कहीं बाहर जाने की हिम्मत नहीं कर पा रहे हैं.

कोलकाता नगर निगम के एक अधिकारी ने बताया कि कई इलाकों के नालों में जमा कचरे के कारण जमा बारिश के पानी को निकलने में समय लग रहा है. अधिकारी के मुताबिक बिना किसी जल निकासी योजना के ही बहुत सारे इलाकों को कोलकाता नगर निगम से जोड़ दिया गया. इससे दबाव और बढ़ गया है. महानगर के आमलोगों का इस समय एक ही सवाल है कि पानी कब कम होगा, बिजली कब बहाल होगी. यदि और बारिश हुई तो क्या होगा. लोग यह भी जानना चाह रहे हैं कि क्या पूजा के दौरान पानी में ही रहना होगा. सवाल तो कई हैं, लेकिन इस समय जवाब किसी को नहीं पता है. हालांकि जहां पानी जमा हुआ है, वहां पानी निकालने का काम तेज गति से चल रहा है. निगम के अधिकारी के मुताबिक जल्द पानी निकाल दिया जायेगा.

भारी बारिश में करंट से मरनेवालों की संख्या हुई नौ

कोलकाता. सोमवार देर रात को शहर में हुई भारी बारिश में करंट करने से मरनेवालों की संख्या बुधवार को नौ पहुंच गयी. मंगलवार रात को गरियाहाट इलाके के नंदी स्ट्रीट में एक व्यक्ति करंट की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौत हो गयी. मृतक का नाम बादल गारू बताया गया है. खबर पाकर गरियाहाट थाने की पुलिस वहां पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. इसके पहले मंगलवार सुबह शहर के विभिन्न जगहों पर बारिश में करंट लगने से आठ लोगों की मौत हो चुकी है. बुधवार को यह आंकड़ा नौ पहुंच गया है.

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Published by: Akhilesh kumar singh

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