Kaimur New : इ-शिक्षा कोष पर हाजिरी दर्ज करने में कैमूर के शिक्षक राज्य में सबसे निचले पायदान पर

भभुआ नगर. अपने कारनामों को लेकर चर्चा में रहने वाले शिक्षकों का एक बार फिर नया कारनामा चर्चा में है. इस बार विद्यालय से गायब रहने का मामला नहीं है,

भभुआ नगर. अपने कारनामों को लेकर चर्चा में रहने वाले शिक्षकों का एक बार फिर नया कारनामा चर्चा में है. इस बार विद्यालय से गायब रहने का मामला नहीं है, बल्कि ऑनलाइन हाजिरी से संबंधित है. जिले के गुरुजी इ-शिक्षा कोष पोर्टल पर ऑनलाइन हाजिरी दर्ज करने में राज्य में 38वें स्थान प्राप्त किये हैं. यानी कहां जाये, तो ऑनलाइन हाजिरी दर्ज करने में शिक्षक रुचि नहीं ले रहे हैं, या फिर जानबूझकर इ-शिक्षा कोष एप पर हाजिरी दर्ज नहीं कर रहे हैं. हालांकि, इ-शिक्षा कोष पर हाजिरी दर्ज करने में 38वां स्थान मिलने का रिपोर्ट राज्यस्तर से जारी होने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी अक्षय कुमार पांडये ने संज्ञान लेते हुए आदेश जारी किया है. जारी आदेश में कहा है कि इ-शिक्षा कोष एप के माध्यम से कैमूर जिला अंतर्गत शिक्षक की उपस्थिति का प्रतिवेदन राज्यस्तर से जारी किया गया है. जारी किये गये प्रतिवेदन के अनुसार, इ-शिक्षा कोष एप पर उपस्थिति दर्ज करने में कैमूर के शिक्षक 38वें स्थान पर हैं. साथ ही जारी आदेश में कहा है कि शिक्षक आइडी के माध्यम से उपस्थिति दर्ज करने में प्रगति काफी धीमी है. साथ ही आदेश में कहा है कि शिक्षकों के इ- शिक्षा कोष ऐप पर दर्ज कराये जाने वाले हाजिरी की लगातार मॉनीटरिंग करने की जरूरत है. जिसे देखते हुए इ-शिक्षा कोष एप पर शिक्षकों द्वारा दर्ज हाजिरी की लगातार मॉनीटरिंग करने के लिए प्रधान लिपिक नंदकिशोर सिंह व कर्मी दिलीप उपाध्याय की तैनाती की जाती है. साथ ही आदेश में कहा गया है कि दोनों तैनात किये गये कर्मी लगातार इ-शिक्षा कोष एप की मॉनीटरिंग करेंगे. = शिक्षक आइडी के माध्यम से ऑनलाइन हाजिरी लगाने में नहीं ले रहे हैं रुचि गौरतलब है कि बगैर सूचना के शिक्षक विद्यालय से गायब न रहें, इसके लिए इ-शिक्षा कोष के माध्यम से ऑनलाइन हाजिरी ली जाती है, लेकिन, जिले के शिक्षक तरह-तरह के बहाने बनाकर अपनी उपस्थिति प्रतिदिन इ-शिक्षा कोष एप पर ऑनलाइन दर्ज करने में रुचि नहीं दिख रहे हैं. इसके कारण राज्यस्तर से जारी रिपोर्ट के अनुसार जिले को 38वां स्थान प्राप्त हुआ है. यानी राज्य में कैमूर सबसे निचले पायदान पर है. क्या कहते हैं अधिकारी इधर, इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी अक्षय कुमार पांडेय ने कहा कि अब प्रतिदिन इ-शिक्षा कोष एप पर शिक्षकों द्वारा दर्ज की गयी हाजिरी की मॉनीटरिंग की जायेगी. मॉनीटरिंग करने के लिए दो कर्मियों की तैनाती अगले आदेश तक के लिए की गयी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By PANCHDEV KUMAR

PANCHDEV KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >