बोकारो, केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार का सबका साथ, सबका विकास अंत्योदय का पर्याय है. उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने राजनीति को तपस्वी की तरह जिया. इस दौरान उन्होंने देश की चुनौतियों को ना सिर्फ रेखांकित किया, बल्कि समाधान के लिए लंबा समाधान भी बताया. उनके विचार चाहे वह स्वदेशी हो या आर्थिक क्षेत्र, कृषि हो या छोटे उद्योग का सशक्तीकरण या फिर विकेंद्रीकरण, ये तमाम अवधारणा वर्तमान में भी प्रासंगिक हैं. केंद्रीय मंत्री श्री सेठ गुरुवार को सेक्टर 05 स्थित बोकारो क्लब में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर आयोजित संगोष्ठी को मुख्य वक्ता के तौर पर संबोधित कर रहे थे. श्री सेठ ने कहा कि राजनीति व संगठन के क्षेत्र में पंडित उपाध्याय ने अनुशासन व शुचिता भरी कार्यशैली से अमिट छाप छोड़ा. बरेली में दिया गया उनका अंतिम भाषण राष्ट्रसेवा की भावना को दर्शाता है. उन्होंने कहा था कि राष्ट्र के गौरव में ही हमारा गौरव है. श्री सेठ ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जीवनी से सीख लेने की जरूरत है. उन्होंने राष्ट्रवाद के लिए लोगों को जागरूक किया. उनका मानना था कि स्वदेशी और लघु उद्योग भारत की आर्थिक योजना की आधारशिला होनी चाहिए, जिसमें सद्भाव, सांस्कृतिक, राष्ट्रीय नीति और अनुशासन का समावेश हो.
साम्यवाद, समाजवाद के बीच एकात्म मानववाद का सर्व ग्राहय दर्शन
रक्षा राज्य मंत्री ने कहा दीनदयाल जी एक असाधारण प्रतिभा के धनी महामानव थे. उन्होंने विश्व की अनेक विचारधाराओं पूंजीवाद, साम्यवाद, समाजवाद के बीच एकात्म मानववाद का सर्व ग्राहय दर्शन दिया, जिसने आज विश्व को नई दिशा दी है. दीनदयालजी के एकात्म चिंतन में व्यष्टि से समष्टि का चिंतन है. मोदी सरकार का सबका साथ, सबका विकास अंत्योदय का पर्याय है.बोकारो में किया पौधरोपण
रांची से बोकारो आने के क्रम में केंद्रीय मंत्री का पेटरवार, जैनामोड़, बालीडीह व नयामोड़ में स्वागत किया गया. पेटरवार में आयोजित पं दीनदयाल उपाध्याय जयंती समारोह में शामिल हुए. नया मोड़ में जिलाध्यक्ष जयदेव राय के नेतृत्व में स्वागत किया गया. वहीं स्वास्थ्य एवं पर्यावरण संरक्षण संस्थान की ओर से आयोजित स्वतंत्रता सेनानी स्मृति उद्यान में एक पेड़ मां के नाम पर आम का पौधा लगाया. समारोह का संचालन जिला महामंत्री अनिल स्वर्णकार व धन्यवाद ज्ञापन संजय त्यागी ने किया.कौन-कौन थे मौजूद
संगोष्ठी में धनबाद के पूर्व सांसद पशुपतिनाथ सिंह, गिरिडीह के पूर्व सांसद रविंद्र पांडेय, चंदनकियारी के पूर्व विधायक अमर बाउरी, बेरमो के पूर्व विधायक योगेश्वर महतो बाटुल, भरत यादव, रोहित लाल सिंह, प्रहलाद महतो, आरती राणा, शशि भूषण ओझा, ईश्वर प्रजापति, देवनारायण प्रजापति, मधुसूदन सिंह, अमित सिंह, अर्चना सिंह, शंकर रजक, मुकेश राय, धीरज झा, गिरजा देवी, मुकेश बाउरी, बिनोद गोराई, दिलीप श्रीवास्तव, कमलेश राय, सुभाष महतो, संजय सिंह, महेंद्र राय, राजीव कंठ, वीरभद्र प्रसाद सिंह, अनिल सिंह, हरीशचंद्र सिंह, मनोज सिंह, हरिपद गोप, अविनाश सिंह, विक्की राय, राजीव मालाकार सहित कई मौजूद थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
