तीसरे चरण के परीक्षण के लिए तैयार Coronavirus की यह दवा, हुआ सफल तो बचाव के साथ उपचार भी होगा संभव

कोरोना वायरस (Coronavirus) के दवा को लेकर खोज जारी है. इसी क्रम में एक अच्छी खबर यह है कि वैज्ञानिक एवं औद्यौगिक अनुसंधान परिषद (Council of Scientific and Industrial Research) (सीएसआईआर) की दवा एमडब्ल्यू (Mw medicine) को कोरोना (Corona) के उपचार (Coronavirus Medicine) में कारगार माना जा रहा है. इस दवा का फिलहाल क्लनिकल ट्रायल चल रहा है. विशेषज्ञों की मानें तो दूसरे चरण के क्लनिकल ट्रायल के सफल होते ही फेज-3 का कार्य शुरू हो जाएगा. अगर यह भी सफल हुआ तो इससे बचाव के साथ-साथ कोरोना का उपचार (Coronavirus prevention & treatment) भी किया जा पाएगा.

कोरोना वायरस (Coronavirus) के दवा को लेकर खोज जारी है. इसी क्रम में एक अच्छी खबर यह है कि वैज्ञानिक एवं औद्यौगिक अनुसंधान परिषद (Council of Scientific and Industrial Research) (सीएसआईआर) की दवा एमडब्ल्यू (Mw medicine) को कोरोना (Corona) के उपचार (Coronavirus Medicine) में कारगार माना जा रहा है. इस दवा का फिलहाल क्लनिकल ट्रायल चल रहा है. विशेषज्ञों की मानें तो दूसरे चरण के क्लनिकल ट्रायल के सफल होते ही फेज-3 का कार्य शुरू हो जाएगा. अगर यह भी सफल हुआ तो इससे बचाव के साथ-साथ कोरोना का उपचार (Coronavirus prevention & treatment) भी किया जा पाएगा.

दरअसल, एम डब्ल्यूए (Mw drug) पहली दवा है जिसे लेकर यह दावा किया जा रहा है कि यह बीमारी से बचाएगी भी और बीमारी होने पर सही उपचार भी करेगी.

आपको बता दें कि सीएसआईआर की इस दवा का उपयोग कुष्ठ रोग के खिलाफ किया जाता था. इसे कोविड-19 के मरीजों पर ट्रायल करने पर सफल पाया गया है. एम्स, पीजीआई चंडीगढ़ समेत कई शोध केंद्रों इसका परीक्षण जारी है. एक वेबसाइट में छपी खबर के मुताबिक सीएसआईआर के जम्मू स्थित प्रयोगशाला इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीग्रेटिव मेडिसिन के निदेशक डॉ. राम विश्वकर्मा ने बताया है कि इस दवा के तीसरे चरण के परीक्षण की मंजूरी मिल गई है. उम्मीद है कि जुलाई में इसे विभिन्न अस्पतालों में शुरू किया जा सकता है.

उन्होंने बताया कि तीसरे चरण में इस दवा के दो परिक्षण किए जाएंगे. पहला और दूसरा चरण सफल रहा है. करीब 1100 लोगों पर इस दवा का तीसरा ट्रायल होना है जिनमें कुछ स्वस्थ्य और कुछ संक्रमित लोग शामिल होंगे. इसी दौरान पता चलेगा कि यह दवा कोरोना से बचाव में कितना कारगर और प्रभावकारी है. आपको बता दें कि दूसरे चरण में करीब 60 मरीजों पर इसका सफल परीक्षण किया जा चुका है.

एम डब्ल्यू (मायकोबैक्ट्रीयम डब्ल्यू) (Mw drug) कैसे करता है काम

दरअसल, यह दवा शरीर में प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ा कर संक्रमण को फैलने से रोकता है. हमारे प्रतिरक्षा कोशिकाओं द्वारा उत्पन्न एक प्रकार की प्रोटीन ‘साइटोकाइंस ‘ कोविड-19 संक्रमण को आकर्षित करती है जिससे वायरस और सक्रिय हो जाता है. शरीर में मौजूद कई कोशिकाएं इसकी उत्पत्ती का कारण बन सकती है. यही कारण है कि हमारा प्रतिरक्षा प्रणाली ठीक से काम नहीं कर पाता. लेकिन, एमडब्ल्यू दवा इन्हीं सक्रिय प्रोटीन को नियंत्रण में लाकर वायरस को बढ़ने नहीं देती और प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूती प्रदान करती है.

Posted by: Sumit Kumar Verma

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