Panchayat 4 X Review: अमेजन प्राइम वीडियो की सबसे चर्चित और पॉपुलर वेब सीरीज ‘पंचायत सीजन 4’ आखिरकार 24 जून की रात स्ट्रीम हो गई. जितेंद्र कुमार, नीना गुप्ता और रघुबीर यादव स्टारर इस शो को लेकर दर्शकों की उम्मीदें काफी ऊंची थीं, लेकिन क्या ये सीजन उन उम्मीदों पर खरा उतरा या फिर मंजू देवी और क्रांति देवी की सियासी जंग ने मजा किरकिरा कर दिया? आइए जानते हैं ट्विटर (अब X) पर क्या कह रही है पब्लिक.
X पर कैसी रही दर्शकों की राय?
पंचायत सीजन 4 को लेकर एक यूजर ने कमेंट करते हुए लिखा, ‘पंचायत सीजन 4 का समापन किया. हमें एक और रोलर कोस्टर राइड देने के लिए TVF का धन्यवाद, जिसमें सचमुच हर संभव चीज है, इसे हर बार बिंज वॉच करने के लायक.’
एक दूसरे यूजर ने लिखा, ‘मैंने Panchayat Season 4 एक ही रात में पूरा देख डाला. वजह सीधी है कि ये सीरीज सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि उन लाखों सरकारी कर्मचारियों की जिंदगी को बयां करती है जो देश के गांवों में सेवा दे रहें हैं. मैं खुद एक सरकारी कर्मचारी हूं, जो हर दिन ग्रामीणों से मिलता है, उनकी परेशानियां.’
एक अन्य यूजर ने निराश होते हुए लिखा, ‘कैसे भी करके एक सीजन खींचा है, इस बार बोरिंग , कोई मजेदार किस्सा नहीं. मंजू देवी चुनाव हार जाती है और बनराकस जीत जाता है, रिंकी के प्यार में पागल सचिव जी 4 महीने के लिए और गांव में रुक जाते है.’
एक और ने लिखा, ‘कहने के लिए दुख है, लेकिन पंचायत सीजन 4 निराशाजनक है. चुनावी नाटक बहुत अधिक भरा हुआ लगता है, दृश्यों में बहुत अधिक अराजकता और अनावश्यक जटिलता है. इसने उस आकर्षण और सरलता को खो दिया है जिसे हम पसंद करते थे.’
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