पैसों के लिए राजपाल यादव के सामने गिड़गिड़ाए बिजनेसमैन, किया चौंकाने वाला खुलासा

Rajpal Yadav Loan Case: कॉमेडियन राजपाल यादव के चेक बाउंस केस में नया एंगल सामने आया है. राजपाल को 5 करोड़ रुपये उधार देने वाले बिजनेसमैन ने खुद सामने आकर कई खुलासे किये हैं. उन्होंने यह भी बताया कि पैसे के लिए उन्होंने हाथ तक जोड़े. जानिए उन्होंने क्या कहा?

Rajpal Yadav Loan Case: बॉलीवुड के जाने-माने कॉमेडियन राजपाल यादव एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह कोई फिल्म नहीं बल्कि पुराना कानूनी मामला है. चेक बाउंस केस में जेल जाने के बाद उन्हें दिल्ली हाई कोर्ट से अंतरिम जमानत मिली है. इसी बीच, उन्हें 5 करोड़ रुपये उधार देने वाले बिजनेसमैन ने पहली बार खुलकर अपनी बात रखी है और कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं.

राजपाल ने फिल्म पूरी होने का किया था दावा

बिजनेसमैन माधव गोपाल अग्रवाल ने एक इंटरव्यू में बताया कि उनकी मुलाकात राजपाल यादव से एक परिचित के जरिए हुई थी. उस समय राजपाल अपनी फिल्म अता पता लापता बना रहे थे और उन्होंने दावा किया था कि फिल्म लगभग पूरी हो चुकी है, बस फाइनल टच के लिए पैसों की जरूरत है. उन्होंने कहा था कि अगर उस वक्त फंडिंग नहीं मिली तो पूरा प्रोजेक्ट रुक जाएगा.

शुरुआत में राजपाल ने पैसे देने से किया था इंकार

अग्रवाल के मुताबिक, शुरुआत में उन्होंने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया था. लेकिन बाद में राजपाल की पत्नी राधा यादव ने उन्हें कई बार मैसेज करके मदद की अपील की. उनकी इमोशनल बातों से प्रभावित होकर उन्होंने कर्ज देने का फैसला कर लिया. एग्रीमेंट में साफ लिखा गया था कि यह फिल्म में निवेश नहीं बल्कि लोन है और राजपाल ने इसकी पर्सनल गारंटी भी दी थी.

बच्चों की तरह रोए अग्रवाल

इंटरव्यू के दौरान अग्रवाल काफी भावुक नजर आए. उन्होंने बताया कि उन्होंने ये पैसे खुद कहीं और से उधार लेकर दिए थे. जब तय समय पर रकम वापस नहीं मिली तो वह कई बार राजपाल के घर तक गए. उनका कहना है कि वह वहां बच्चों की तरह रोए और हाथ जोड़कर पैसे लौटाने की गुहार लगाई. उन्होंने यह भी कहा कि वह नई तारीख पर नया एग्रीमेंट करने को तैयार थे, लेकिन हर बार उन्हें सिर्फ आश्वासन ही मिला.

अगली सुनवाई 18 मार्च को

अब अगर मामले की ताजा स्थिति की बात करें, तो राजपाल यादव को 5 फरवरी 2026 को सरेंडर करना पड़ा था और उन्हें तिहाड़ जेल भेजा गया था. हालांकि 16 फरवरी को हाई कोर्ट ने उन्हें अंतरिम जमानत दे दी. कोर्ट ने शर्त रखी कि वे शिकायतकर्ता के खाते में 1.5 करोड़ रुपये जमा करेंगे. साथ ही उनका पासपोर्ट भी जब्त कर लिया गया है और अगली सुनवाई 18 मार्च को तय की गई है.

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By Aniket kumar

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प्रभात खबर से पहले वे राजस्थान पत्रिका और न्यूजट्रैक जैसे मीडिया संस्थानों के साथ काम कर चुके हैं. उन्होंने शुरुआती शिक्षा मुजफ्फरपुर में अंग्रेजी माध्यम से प्राप्त की और इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की.

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