अगर आप ऐसी फिल्म देखना चाहते हैं जिसमें हंसी भी हो, इमोशन भी हो और आखिर में एक अच्छा मैसेज भी मिले, तो 'उत्तर दा पुत्तर' आपके लिए अच्छी चॉइस हो सकती है. 24 जुलाई को रिलीज हो रही इस फिल्म में अन्नू कपूर एक ऐसे फिजिक्स प्रोफेसर बने हैं, जो साइंस पढ़ाते हैं, लेकिन अपनी जिंदगी के हर फैसले वास्तु और टोटकों के हिसाब से लेते हैं. यही बात फिल्म को बाकी फिल्मों से अलग बनाती है.
Uttar Da Puttar Story: क्या है फिल्म की कहानी?
फिल्म की कहानी प्रोफेसर साई राम टुटेजा (अन्नू कपूर) के इर्द-गिर्द घूमती है. उन्हें एक ऐसा घर चाहिए, जहां सब कुछ 'परफेक्ट वास्तु' के हिसाब से हो. उन्हें पूरा यकीन है कि सही वास्तु से जिंदगी की हर परेशानी खत्म हो सकती है. लेकिन जैसे ही वह अपने नए घर की तारीफ करते हैं, अचानक छत का पंखा गिर जाता है और पूरा मामला उल्टा पड़ जाता है. इसके बाद उनकी पत्नी गिन्नी (रुखसार रहमान) उनसे नाराज होकर घर छोड़ देती हैं. पत्नी को मनाने और जिंदगी वापस पटरी पर लाने के लिए प्रोफेसर अपने दोस्त के साथ निकल पड़ते हैं. इस सफर में कई मजेदार किरदार और मजेदार घटनाएं कहानी को और दिलचस्प बना देती हैं.
कहानी को आसान और मजेदार तरीके से दिखाया गया
निर्देशक रविंदर सिवाच की यह पहली फिल्म है, लेकिन उनका काम काफी अच्छा लगता है. फिल्म शुरुआत से ही कहानी पर फोकस करती है और कहीं भी बेवजह लंबी नहीं लगती. कॉमेडी और इमोशन का बैलेंस पूरे समय बना रहता है. सबसे खास बात यह है कि फिल्म एक गंभीर सवाल को भी हल्के-फुल्के अंदाज में समझाने की कोशिश करती है.
अन्नू कपूर ने फिर जीता दिल
पूरी फिल्म की जान अन्नू कपूर हैं. उन्होंने प्रोफेसर के किरदार को इतने मजेदार तरीके से निभाया है कि कई सीन देखकर हंसी छूट जाती है. वहीं इमोशनल सीन में भी उनका अभिनय दिल छू लेता है. रुखसार रहमान, पवन मल्होत्रा, बृजेंद्र काला, इश्तियाक खान, जीवेशु अहलूवालिया, नितिन अरोड़ा और बाकी कलाकारों ने भी अपने-अपने किरदारों के साथ पूरा न्याय किया है.
Final Verdict: फिल्म देखनी चाहिए या नहीं?
'उत्तर दा पुत्तर' सिर्फ कॉमेडी फिल्म नहीं है. यह हंसाते-हंसाते एक बड़ा सवाल भी पूछती है कि जिंदगी में कर्म ज्यादा जरूरी है या किस्मत? अगर आपको साफ-सुथरी फैमिली एंटरटेनर पसंद है, जिसमें हंसी, ड्रामा, इमोशन और आखिर में अच्छा मैसेज भी हो, तो यह फिल्म आपको जरूर पसंद आ सकती है. अन्नू कपूर का दमदार अभिनय और फिल्म का देसी अंदाज इसे एक बार देखने लायक बनाता है.
रेटिंग: 3.5/5
