खाते इस देश का हैं, लेकिन लड़ते पड़ोसी देश के लिए... नसीरुद्दीन शाह के ‘कुत्ते’ वाले बयान पर भड़कीं कंगना रनौत

कंगना रनौत ने छात्र प्रदर्शनों को लेकर नसीरुद्दीन शाह के बयान पर पलटवार किया है. उन्होंने झारखंड में चल रहे छात्र प्रदर्शनों को लेकर नसीरुद्दीन की चुप्पी पर सवाल उठाया.

अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने छात्र प्रदर्शनों को लेकर दिए नसीरुद्दीन शाह के बयान पर निशाना साधा है. नसीरुद्दीन शाह ने कहा था कि पिछले महीने देश में हुए प्रदर्शनों के दौरान बड़े सितारे खुलकर सामने क्यों नहीं आए. उन्होंने कहा था कि कलाकार तभी बोलते हैं, जब उनका जमीर उन्हें ऐसा करने के लिए कहता है. साथ ही उन्होंने एक कहावत का जिक्र करते हुए कहा था कि मुंह में हड्डी दबाए कुत्ता भौंक नहीं सकता.

नसीर साहब खाते देश का हैं, लेकिन लड़ते पड़ोसी देश के लिए

कंगना रनौत ने इसी बयान को लेकर नसीरुद्दीन शाह से पलटकर सवाल किया. उन्होंने पूछा कि जब झारखंड में छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं, तो ऐसे में नसीरुद्दीन शाह इस मुद्दे पर चुप क्यों हैं. अपनी इंस्टाग्राम स्टोरीज पर, कंगना ने नसीरुद्दीन की टिप्पणियों पर अभिनेता पीयूष मिश्रा के एक कमेंट को दोबारा पोस्ट किया, जहां उन्होंने झारखंड में हो रहे छात्र विरोध प्रदर्शन पर उनकी चुप्पी पर सवाल उठाया था. उन्होंने कैप्शन में लिखा, "सच तो ये है कि हर कोई किसी न किसी का कुत्ता है, लेकिन मुझे इस बात का गर्व है कि मैं जिस घर (देश) की रोटी खाती हूं, उसकी रखवाली करती हूं, उसके लिए लड़ती हूं. नसीर साहब खाते तो इस देश का हैं, लेकिन लड़ते पड़ोसी देश के लिए हैं."

कंगना रनौत पोस्ट

कंगना ने नसीरुद्दीन को कहा लोमड़ी

उन्होंने आगे कहा, ''आजकल तो कुत्ता कहलाना भी एक तरह से तारीफ की बात है, क्योंकि वफादारी और मासूमियत तो बहुत कम देखने को मिलती है. मैं नसीरुद्दीन जैसे लोमड़ी की बजाय कुत्ता बनना पसंद करूंगी.''

झारखंड प्रोटेस्ट पर क्या बोली कंगना रनौत

झारखंड प्रोटेस्ट पर कंगना रनौत ने कहा, ''सबसे पहले तो देखिए झारखंड में क्या हो रहा है. बच्चों पर अत्याचार हो रहे हैं. उन्हें बेरहमी से पीटा गया है. उन पर पानी की बौछारें और आंसू गैस का इस्तेमाल किया जा रहा है. हम इस पर जवाब मांग रहे हैं.'' 10 अगस्त को झारखंड विधानसभा के पास हुई झड़प में कई प्रदर्शनकारी और चार पुलिसकर्मी घायल हो गए.

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By आशीष लता

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पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने प्लस न्यूज से की, जहां बिहार में एंकर और रिपोर्टर के रूप में काम करते हुए कई महत्वपूर्ण ग्राउंड रिपोर्ट्स तैयार कीं. फील्ड रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने कई वरिष्ठ राजनीतिक नेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों के इंटरव्यू भी किए. इसके बाद उन्होंने एबीपी न्यूज और ईटीवी भारत जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी अलग-अलग भूमिकाओं में अपनी सेवाएं दीं.

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आशीष लता ने पटना विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन और माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. फैक्ट-बेस्ड रिपोर्टिंग, रिसर्च और जर्नलिज्म के 5Ws + 1H सिद्धांतों पर उनकी मजबूत पकड़ है. यही वजह है कि उनका कंटेंट भरोसेमंद, संतुलित और पाठकों के लिए उपयोगी माना जाता है.

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