Gadar: Ek Prem Katha: सुपरहिट फिल्म ‘गदर: एक प्रेम कथा’ को रिलीज हुए पूरे 25 साल हो गए हैं. इस खास मौके पर फिल्म के डायरेक्टर अनिल शर्मा ने एक बड़ा खुलासा किया है. उन्होंने बताया कि जब वह इस फिल्म को बनाने की सोच रहे थे, तब ‘तारा सिंह’ के किरदार के लिए उनकी पहली पसंद सनी देओल नहीं थे, बल्कि वह इस रोल में उनके पिता धर्मेंद्र को देखना चाहते थे.
फिर क्यों नहीं लिया गया धर्मेंद्र को तारा सिंह के रोल में?
India Today को दिए एक लेटेस्ट इंटरव्यू में डायरेक्टर अनिल शर्मा ने बताया कि जब वह ‘गदर’ फिल्म की कहानी लिख रहे थे, तो उनके दिमाग में ‘तारा सिंह’ के रोल के लिए सनी देओल नहीं, बल्कि उनके पिता धर्मेंद्र थे. अनिल शर्मा चाहते थे कि कोई ऐसा एक्टर हो जो नाच सके, गा सके और खूब मस्ती करे. वह एक जवान धर्मेंद्र को फिल्म में लेना चाहते थे. लेकिन धर्मेंद्र बूढ़े हो चुके थे, इसलिए यह मुमकिन नहीं था, जिसके बाद उन्होंने सनी देओल को चुना. सनी देओल के अलावा यह रोल कोई और इतनी अच्छी तरह नहीं कर सकता था.
400 लड़कियों के टेस्ट के बाद मिलीं ‘सकीना’
फिल्म में ‘सकीना’ का रोल निभाने वाली अमीषा पटेल को लेकर भी डायरेक्टर ने एक बड़ी बात बताई. उन्होंने कहा कि सकीना के रोल के लिए उन्होंने लगभग 400 से 500 लड़कियों का ऑडिशन लिया था. आखिर में 15-16 लड़कियों को चुना गया, जिनमें अमीषा भी थीं. अमीषा बहुत अमीर परिवार से थीं, इसलिए पहले डायरेक्टर को लगा कि वह इतनी मेहनत नहीं कर पाएंगी. लेकिन अमीषा ने इतनी मेहनत की कि खुद डायरेक्टर भी हैरान रह गए. अमीषा रोज डायरेक्टर के घर आकर पूरे दिन डायलॉग याद करती थीं.
बेडरूम में आया था फिल्म का आइडिया
अनिल शर्मा ने याद करते हुए बताया कि जब पहली बार उनके बेडरूम में उन्हें ‘गदर’ की कहानी का ख्याल आया, तो वह खुशी से उछल पड़े और कमरे में घूमने लगे. उन्हें उसी समय लग गया था कि यह फिल्म पूरे भारत की सबसे बड़ी हिट फिल्म बनेगी.
उनकी यह बात सच साबित हुई और फिल्म ने कमाई के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए.
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