Content Writing: आज के डिजिटल युग में कंटेंट को किंग कहा जाता है. आप सुबह उठकर सोशल मीडिया पर जो पोस्ट पढ़ते हैं, गूगल पर जो डिटेल्स सर्च करते हैं या किसी वेबसाइट पर जो ब्लॉग पढ़ते हैं, वह सब कंटेंट राइटिंग का ही हिस्सा है. लेकिन कंटेंट राइटिंग सिर्फ कागज पर शब्द उतारना नहीं है, बल्कि यह रीडर के साथ जुड़ने, उन्हें जानकारी देने और उन्हें प्रभावित करने की एक कला है.
आज कंटेंट राइटिंग सिर्फ शौक नहीं, बल्कि एक मजबूत करियर ऑप्शन बन चुकी है. कंपनियां, वेबसाइट और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म अपने प्रोडक्ट और सर्विसेज को लोगों तक पहुंचाने के लिए अच्छे कंटेंट राइटर्स की तलाश में रहते हैं. आइए जानते हैं कि कंटेंट राइटिंग क्या है और इसके क्या करियर स्कोप होते हैं.
Content Writing क्या है?
कंटेंट राइटिंग में किसी सब्जेक्ट पर डिटेल्स देना, एडवरटाइजमेंट या मनोरंजन करने के लिए ऑनलाइन प्लेटफॉर्म में मेटेरियल लिखने की कला को कंटेंट राइटिंग कहा जाता है. कंटेंट राइटिंग ब्लॉग और आर्टिकल लिखने में, न्यूज वेबसाइट पर, सोशल मीडिया पोस्ट में, यूट्यूब स्क्रिप्ट में, डिजिटल मार्केटिंग और प्रोडक्ट डिस्क्रिप्शन में यूज होती है.
कंटेंट राइटिंग के प्रकार
Content Writing के मुख्य प्रकार नीचे दिए गए हैं-
- ब्लॉग राइटिंग
- आर्टिकल राइटिंग
- SEO कंटेंट
- सोशल मीडिया राइटिंग
- कॉपीराइटिंग
- स्क्रिप्ट राइटिंग
करियर स्कोप
आज के समय में Content Writing एक बेहतरीन करियर ऑप्शन बन चुका है. आप फ्रीलांसर के रूप में काम कर सकते हैं. कंटेंट राइटर,अपनी खुद की ब्लॉग वेबसाइट शुरू कर सकते हैं या फिर डिजिटल मार्केटिंग फील्ड में आगे बढ़ सकते हैं. स्टार्टिंग लेवल पर सैलरी 10,000 से 25,000 प्रति माह तक कमा सकते हैं. कुछ साल के एक्सपिरियंस के साथ सैलरी भी काफी बढ़ सकती है.
एक अच्छा कंटेंट राइटर कैसे बनें?
कंटेंट राइटिंग केवल लैंग्वेज का ज्ञान नहीं बल्कि यह एक स्किल है, जिसे प्रैक्टिस से सिखा जा सकता है. एक अच्छा कंटेंट राइटर बनने के लिए लैंग्वेज में अच्छी पकड़ होनी चाहिए. साथ ही रिसर्च करने की कैपेसिटी, राइटिंग स्टाइल और SEO की बेसिक डिटेल्स पता हो.
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