KTM और KISKA की 30 साल पुरानी पार्टनरशिप खत्म, अब इन-हाउस होगा डिजाइन

KTM ने अपनी 30 साल पुरानी डिजाइन पार्टनरशिप को खत्म करते हुए KISKA में अपनी बची हुई हिस्सेदारी Loxone GmbH को बेच दी है. अब KTM साल्जबर्ग में अपना अलग इन-हाउस डिजाइन सेंटर स्टेबलिश करेगी. हालांकि फिलहाल ब्रांड की मौजूदा डिजाइन पहचान में कोई बड़ा बदलाव देखने को नहीं मिलेगा.

तेज धार वाली हेडलाइट, नुकीली बॉडी लाइन्स और आक्रामक स्टांस KTM की बाइक्स की यही पहचान रही है. लेकिन इन डिजाइनों के पीछे जो क्रिएटिव दिमाग था, अब वह कहानी बदल रही है. करीब तीन दशक तक KTM की डिजाइन भाषा को गढ़ने वाली साल्जबर्ग स्थित स्टूडियो KISKA से अब कंपनी ने ऑफिशियली तौर पर अलग होने का फैसला किया है.

यह सिर्फ एक बिजनेस डील नहीं, बल्कि ब्रांड की दिशा में बड़ा स्ट्रैटेजिक बदलाव है. KTM ने KISKA में अपनी बची हुई हिस्सेदारी बेच दी है और अब डिजाइन की कमान अपने ही हाथों में लेने की तैयारी कर ली है.

KTM का नया डिजाइन सेंटर

KTM ने KISKA में अपनी हिस्सेदारी Loxone GmbH को बेच दी है. अब KISKA में 71% हिस्सेदारी Loxone के पास होगी, जबकि 29% हिस्सा स्टूडियो की मैनेजमेंट टीम के पास रहेगा. यह बदलाव Bajaj Auto द्वारा Pierer Mobility के अधिग्रहण के बाद आया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, कॉस्ट कम करने और इंटरनल स्ट्रक्चर को मजबूत करने के मकसद से यह फैसला लिया गया है.

KTM अब साल्जबर्ग में अपना अलग डिजाइन सेंटर स्टेबलिश कर रही है, जो उसके मैटिगहोफेन स्थित डेवलपमेंट हब से अलग होगा. इससे कंपनी डिजाइन और इंजीनियरिंग के बीच बेहतर तालमेल और ज्यादा कंट्रोल सुनिश्चित करना चाहती है.

KTM की पहचान गढ़ने में KISKA की भूमिका

1990 के दशक की शुरुआत से KISKA, KTM की ब्रांड पहचान का अहम हिस्सा रही है. सिर्फ मोटरसाइकिल डिजाइन ही नहीं, बल्कि ब्रांडिंग, कम्युनिकेशन, अपैरल और कस्टमर एक्सपीरियंस तक में KISKA का योगदान रहा.

KISKA ने अन्य ब्रांड्स के लिए भी काम किया है, जिनमें Adidas, Cardo की Beyond हेलमेट सीरीज और EICMA 2025 में पेश किया गया BSA Thunderbolt प्रोटोटाइप शामिल हैं. हालांकि KTM ही उसका सबसे बड़ा क्लाइंट और इन्वेस्टर रहा.

क्या बदलेगा KTM का डिजाइन?

फिलहाल KTM के डिजाइन में अचानक कोई बड़ा बदलाव देखने को नहीं मिलेगा. मोटरसाइकिल डेवलपमेंट साइकिल कई साल लंबी होती है और जो मॉडल पहले से पाइपलाइन में हैं, वे पुराने डिजाइन डीएनए को ही आगे बढ़ाएंगे. ब्रांड के फैंस के लिए राहत की बात यह है कि KTM की आक्रामक और स्पोर्टी पहचान बरकरार रहेगी, भले ही अब डिजाइन का काम कंपनी के अंदर ही किया जाए.

KISKA के लिए नई शुरुआत

KTM के अलग होने के बाद KISKA के सामने चुनौती भी है और अवसर भी. अब स्टूडियो को अपने क्लाइंट बेस को और डेवलप करना होगा, ताकि वह किसी एक कंपनी पर डिपेंड न रहे.

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लेखक के बारे में

By Shivani Shah

डिजिटल पत्रकारिता में 3 सालों का अनुभव है. प्रभात खबर में जूनियर टेक कंटेंट राइटर के तौर पर काम कर रही हैं. टेक्नोलॉजी कैटेगरी में ये स्मार्टफोन से लेकर टेक-टिप्स, गैजेट्स, एआई, सॉफ्टवेयर और डिजिटल ट्रेंड्स पर रिसर्च-बेस्ड, इन-डेप्थ और यूजर-फोकस्ड कंटेंट लिखती हैं. इसके अलावा ये ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें भी लिखती हैं.

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