Hyundai EV चलाने वालों के लिए खत्म हुआ रेंज का डर, Jio-bp के साथ हाथ मिलाकर बदली चार्जिंग की सूरत

हुंदै मोटर इंडिया और जियो-बीपी ने अपने ईवी चार्जिंग नेटवर्क का एकीकरण किया है. माईहुंदै ऐप के जरिए अब ग्राहक 37,000 से ज्यादा जियो-बीपी पल्स चार्जिंग पॉइंट्स का आसानी से इस्तेमाल कर सकेंगे.

भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) को तेजी से बढ़ावा देने और ईवी मालिकों के चार्जिंग अनुभव को आसान बनाने के लिए देश की दिग्गज वाहन निर्माता कंपनी हुंदै मोटर इंडिया लिमिटेड (HMIL) ने एक बड़ा कदम उठाया है. कंपनी ने रिलायंस इंडस्ट्रीज और बीपी के संयुक्त उद्यम 'जियो-बीपी' (Jio-bp) के साथ अपने ईवी चार्जिंग नेटवर्क को एकीकृत करने के लिए रणनीतिक साझेदारी की घोषणा की है. इस समझौते के बाद अब हुंदै के इलेक्ट्रिक वाहन चालकों को देशभर में चार्जिंग स्टेशन खोजने, स्लॉट बुक करने और भुगतान करने के लिए अलग-अलग ऐप्स के झंझट से मुक्ति मिल जाएगी.

माईहुंदै ऐप पर मिलेंगे 37,000 से अधिक चार्जिंग पॉइंट

इस नेटवर्क एकीकरण के बाद हुंदै ईवी यूजर्स को एक ही जगह पर व्यापक चार्जिंग नेटवर्क का सपोर्ट मिलेगा. कंपनी के आधिकारिक बयान के अनुसार, 'माईहुंदै' (myHyundai) ऐप का इस्तेमाल करने वाले ग्राहक अब जियो-बीपी पल्स (Jio-bp pulse) के विस्तृत चार्जिंग नेटवर्क तक सीधे पहुंच सकेंगे. इस साझेदारी से हुंदै के ईवी चार्जिंग इकोसिस्टम में देशभर के 37,000 से अधिक चार्जिंग पॉइंट्स जुड़ गए हैं. इससे लंबी दूरी की यात्रा करने वाले ईवी चालकों को रेंज एंग्जायटी (रेंज खत्म होने का डर) से बड़ी राहत मिलेगी.

चरणबद्ध तरीके से जुड़ेंगे उच्च क्षमता वाले चार्जर

यह एकीकरण दोनों दिशाओं में काम करेगा. एक तरफ जहां हुंदै के ग्राहक माईहुंदै ऐप के जरिए जियो-बीपी के स्टेशनों का इस्तेमाल कर सकेंगे, वहीं दूसरी तरफ हुंदै मोटर इंडिया के अपने हाई-कैपेसिटी चार्जर्स को भी चरणबद्ध तरीके से जियो-बीपी पल्स के 'चार्ज प्रो' ऐप में शामिल किया जाएगा. इससे अन्य कंपनियों के ईवी इस्तेमाल करने वाले चालकों को भी हुंदै के फास्ट चार्जिंग बुनियादी ढांचे का लाभ आसानी से मिल सकेगा.

ईवी मोबिलिटी को मजबूत करने की दिशा में मील का पत्थर

हुंदै मोटर इंडिया के कार्यकारी निदेशक (कॉरपोरेट योजना) ह्यून सुप ली ने इस नेटवर्क एकीकरण को भारत में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को मजबूत करने वाला एक अहम कदम बताया है. उनका मानना है कि चार्जिंग नेटवर्क का यह एकीकरण ग्राहकों के लिए चार्जिंग प्रक्रिया को बेहद सुचारू और झंझट-मुक्त बनाएगा. वहीं जियो-बीपी के चेयरमैन सार्थक बहुरिया ने कहा कि भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों को बड़े पैमाने पर अपनाने के लिए भरोसेमंद और मजबूत चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर का होना अनिवार्य है, और यह साझेदारी उसी दिशा में एक ठोस प्रयास है.

देश में तेजी से बदल रहा है ईवी इकोसिस्टम

भारत के टू-व्हीलर से लेकर फोर-व्हीलर मार्केट में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की मांग लगातार बढ़ रही है. ऐसे में कंपनियों का मुख्य ध्यान अब गाड़ियों के साथ-साथ चार्जिंग नेटवर्क को सुलभ बनाने पर है. हुंदै और जियो-बीपी की यह पार्टनरशिप न केवल मौजूदा ग्राहकों को सुविधा प्रदान करेगी, बल्कि उन नए खरीदारों का भरोसा भी बढ़ाएगी जो चार्जिंग स्टेशनों की कमी के डर से नया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने में संकोच कर रहे थे.

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By राजीव कुमार

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