अगर आपकी कार या बाइक का PUC सर्टिफिकेट एक्सपायर हो गया है और आपको इसकी जानकारी भी नहीं है, तो अगली ट्रैफिक चेकिंग में भारी चालान कट सकता है. अब प्रदूषण नियंत्रण नियम पहले से ज्यादा सख्त हो चुके हैं और बिना वैध PUC के वाहन चलाना सीधे जुर्माने की वजह बन सकता है. अच्छी बात यह है कि अब वाहन मालिकों को PUC चेक कराने के लिए कहीं जाने की जरूरत नहीं है. आप घर बैठे मोबाइल या लैपटॉप से कुछ मिनटों में अपने वाहन का PUC स्टेटस ऑनलाइन देख सकते हैं. इसके लिए सरकार ने कई डिजिटल प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराए हैं, जिनकी मदद से PUC एक्सपायरी डेट तुरंत पता चल जाती है.
क्यों जरूरी है वैध PUC सर्टिफिकेट?
PUC यानी ‘पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल’ सर्टिफिकेट यह साबित करता है कि आपका वाहन तय प्रदूषण सीमा के भीतर है. ट्रैफिक पुलिस चेकिंग के दौरान अगर PUC एक्सपायर मिलता है, तो मोटा चालान लगाया जा सकता है. कई राज्यों में यह जुर्माना हजारों रुपये तक पहुंच सकता है. यही वजह है कि वाहन से जुड़े जरूरी डॉक्यूमेंट्स में अब PUC भी अहम माना जाता है.
घर बैठे ऐसे करें PUC स्टेटस चेक
अब PUC स्टेटस देखने के लिए लंबी लाइन या सेंटर जाने की जरूरत नहीं है. परिवहन विभाग की ऑनलाइन सेवा के जरिए यह काम कुछ ही मिनटों में हो सकता है. इसके लिए सबसे पहले परिवहन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट खोलनी होगी. वहां Online Services सेक्शन में जाकर PUCC ऑप्शन चुनना होगा. इसके बाद वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर और चेसिस नंबर के आखिरी 5 कैरेक्टर दर्ज करने होंगे. कैप्चा भरने के बाद जैसे ही “PUC Details” पर क्लिक करेंगे, स्क्रीन पर सर्टिफिकेट की पूरी जानकारी दिखाई देने लगेगी.
mParivahan ऐप से भी मिलेगा पूरा स्टेटस
सरकार का mParivahan ऐप भी वाहन मालिकों के लिए काफी उपयोगी साबित हो रहा है. इस ऐप में सिर्फ वाहन नंबर डालकर RC, इंश्योरेंस और PUC जैसी जानकारियां देखी जा सकती हैं. ऐप डाउनलोड करने के बाद वाहन नंबर एंटर करें और डिटेल्स सेक्शन खोलें. यहां PUC की वैधता और एक्सपायरी डेट दिखाई देने लगती है.
DigiLocker में भी मिल सकती है जानकारी
अगर आपने अपने वाहन दस्तावेज DigiLocker से लिंक कर रखे हैं, तो वहां भी PUC डिटेल्स देखी जा सकती हैं. DigiLocker में लॉग-इन करने के बाद “Issued Documents” सेक्शन में जाकर Ministry of Road Transport and Highways चुनना होगा. इसके बाद वाहन दस्तावेज खुल जाएंगे. कई मामलों में PUC स्टेटस भी वहीं दिखाई देता है. अगर डेटा ऑटोमैटिक नहीं दिखे, तो “Pull Documents” फीचर के जरिए वाहन नंबर डालकर डॉक्यूमेंट फेच किए जा सकते हैं.
एक्सपायर PUC को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी
कई लोग सिर्फ RC और इंश्योरेंस पर ध्यान देते हैं, लेकिन PUC एक्सपायर होने के बाद वाहन चलाना नियमों का उल्लंघन माना जाता है. इससे न सिर्फ जुर्माना लग सकता है, बल्कि भविष्य में वाहन फिटनेस और दूसरे दस्तावेजों से जुड़ी परेशानियां भी हो सकती हैं. इसलिए समय-समय पर PUC स्टेटस चेक करना जरूरी है.
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