बारिश के मौसम में सड़कें अक्सर गीली और फिसलन भरी हो जाती हैं. ऐसे में बाइक चलाते समय जरा-सी लापरवाही भी भारी पड़ सकती है. इसलिए इस मौसम में बाइक का ब्रेकिंग सिस्टम काफी जरूरी हो जाता है. आजकल ज्यादातर बाइक्स में ABS (Anti-lock Braking System) या CBS (Combi Braking System) दिया जाता है. लेकिन क्या आपको पता है कि ABS और CBS में क्या अंतर होता है? बारिश में बाइक चलाते समय इनमें से कौन सा सिस्टम ज्यादा मददगार होता है? आइए इन सवालों के जवाब जानते हैं.
ABS बाइक को फिसलने से कैसे बचाता है?
ABS अचानक ब्रेक लगाने पर बाइक के पहियों को लॉक होने से बचाता है. इसमें लगे सेंसर लगातार पहियों की स्पीड पर नजर रखते हैं. जैसे ही सिस्टम को लगता है कि कोई पहिया लॉक होने वाला है, यह खुद ब्रेक का दबाव कम या ज्यादा कर देता है. इससे टायर की सड़क पर पकड़ बनी रहती है, बाइक के फिसलने का खतरा कम होता है और इमरजेंसी में अचानक ब्रेक लगाने पर भी राइडर बाइक को बेहतर तरीके से कंट्रोल कर पाता है.
CBS और ABS में कौन ज्यादा बेहतर?
CBS वाली बाइक में जब आप पीछे का ब्रेक दबाते हैं, तो आगे का ब्रेक भी थोड़ा काम करता है. इससे बाइक को रोकते समय ब्रेकिंग ज्यादा बैलेंस रहती है और नॉर्मल राइडिंग में बाइक पर कंट्रोल बेहतर बना रहता है. हालांकि, अचानक तेज ब्रेक लगाने पर CBS पहियों को लॉक होने से नहीं रोक सकता. यही वजह है कि गीली या फिसलन वाली सड़क पर ABS, CBS के मुकाबले ज्यादा सेफ और असरदार माना जाता है.
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Dual-Channel ABS क्यों है ज्यादा बेहतर?
बाइक में ब्रेक लगाने पर करीब 70% ब्रेकिंग का काम आगे वाला पहिया करता है. ऐसे में अगर अचानक तेज ब्रेक लगाने पर आगे का पहिया लॉक हो जाए, तो बाइक का कंट्रोल बिगड़ सकता है और हादसे का खतरा बढ़ जाता है. यहां काम आता है Dual-Channel ABS. यह आगे और पीछे, दोनों पहियों पर ब्रेकिंग को कंट्रोल करता है, जिससे बाइक ज्यादा स्टेबल रहती है. खासकर हाईवे पर फास्ट स्पीड में या बारिश के मौसम में यह फीचर काफी मददगार होता है.
बारिश में ब्रेक और टायर का रखें खास ख्याल
बारिश के मौसम में बाइक चलाते समय ब्रेक और टायरों का ठीक हालत में होना बेहद जरूरी है. इसलिए मॉनसून शुरू होने से पहले ब्रेक पैड, ब्रेक शू और ब्रेक ऑयल जरूर चेक करवा लें. साथ ही, टायरों के ट्रेड यानी उनकी ग्रिप वाली लाइनों को भी ध्यान से देखें. अगर टायर घिस चुके हैं, तो गीली सड़क पर उनकी पकड़ कम हो सकती है और बाइक फिसलने का खतरा बढ़ जाता है.
वहीं, अगर आपकी बाइक में ड्रम ब्रेक है, तो उसके ब्रेक केबल में सही तरीके से लुब्रिकेशन जरूर करवाएं. इससे ब्रेक आसानी से और सही तरीके से काम करेगा.
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