मुजतबा खामेनेई और अन्य प्रमुख ईरानी नेताओं पर अमेरिका ने रखा 10 मिलियन डॉलर का इनाम

Mojtaba Khamenei: अमेरिका ने ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई समेत 10 टॉप अधिकारियों पर 10 मिलियन डॉलर का इनाम रखा है. ट्रंप प्रशासन का दावा है कि ईरानी नेतृत्व हमले के बाद अंडरग्राउंड होकर छिप गया है. वहीं, तेहरान में अधिकारियों की सार्वजनिक मौजूदगी अमेरिकी दावों के ठीक उलट तस्वीर दिखा रही है.

Mojtaba Khamenei: अमेरिकी विदेश विभाग ने शुक्रवार को ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई और ईरान के शीर्ष अधिकारियों की जानकारी देने वालों के लिए 10 मिलियन डॉलर (लगभग 84 करोड़ रुपये) के इनाम की घोषणा की है. अमेरिका का दावा है कि ईरान का शीर्ष लीडरशिप इस समय डरकर अंडरग्राउंड हो गया है.

इनाम वाली लिस्ट में कौन-कौन शामिल?

अमेरिकी सरकार ने 10 लोगों की एक लिस्ट जारी की है, जिन्हें वह ‘वॉन्टेड’ मान रही है. इस लिस्ट में ये नाम शामिल हैं:

  • मुजतबा खामेनेई (सुप्रीम लीडर)
  • अली असगर हेजाजी (डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ, सुप्रीम लीडर ऑफिस)
  • मेजर जनरल याह्या रहीम सफवी (मिलिट्री एडवाइजर)
  • अली लारीजानी (एडवाइजर और सेक्रेटरी, सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल)
  • ब्रिगेडियर जनरल एस्कंदर मोमेनी (गृह मंत्री)
  • इस्माइल खतीब (खुफिया और सुरक्षा मंत्री)

इसके अलावा, रक्षा परिषद के सचिव, सुप्रीम लीडर के सलाहकार, सैन्य कार्यालय के प्रमुख और आईआरजीसी (IRGC) कमांडर के लिए भी इनाम घोषित किया गया है. अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, ये सभी लोग इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के उन तत्वों को निर्देश देते हैं, जो वैश्विक स्तर पर आतंकवाद की साजिश रचते हैं.

मुजतबा खामेनेई को लेकर क्या है अमेरिका का दावा?

अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने एक ब्रीफिंग में कहा कि ईरान का नेतृत्व हताश है और छिपा हुआ है. हेगसेथ ने दावा किया कि ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई घायल हैं और संभवतः उनका चेहरा भी क्षतिग्रस्त हुआ है. उन्होंने आगे कहा कि ईरान के पास कैमरे और रिकॉर्डर की कमी नहीं है, फिर भी कल केवल एक लिखित बयान जारी किया गया, जिसमें न कोई आवाज थी और न ही वीडियो. उनके पिता की मौत हो चुकी है, वह डरे हुए हैं और फरार हैं.

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इनाम पाने का तरीका

‘रिवार्ड्स फॉर जस्टिस’ कार्यक्रम के तहत, अमेरिकी विदेश विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की जानकारी एन्क्रिप्टेड प्लेटफॉर्म जैसे ‘Tor-based’ टिपलाइन या ‘Signal’ के जरिए दें. अमेरिका का कहना है कि जो भी व्यक्ति इन अधिकारियों को पकड़वाने या उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई में मदद करने वाली पुख्ता जानकारी देगा, उसे इनाम के साथ-साथ सुरक्षित जगह पर शिफ्ट (relocation) भी किया जा सकता है.

घटनाक्रम का बैकग्राउंड

28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच शुरू हुए युद्ध के दौरान एक बम धमाके में पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई थी. इसके बाद मुजतबा खामेनेई ने नेतृत्व संभाला. हालांकि, अमेरिकी रक्षा सचिव के ‘छिपे होने’ के दावों के विपरीत, तेहरान की सड़कों पर अल-कुद्स दिवस के मार्च के दौरान राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को भीड़ के बीच देखा गया था.

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लेखक के बारे में

By Govind Jee

गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.

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