Nepal flood explained : बर्फ चट्टानों के खिसकने, ग्लेशियर झील या बारिश, नेपाल में बाढ़ की क्या है वजह

पाल के रसुवा में भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ ने सबको हैरान कर दिया.हालांकि इस इलाके में भारी बारिश नहीं हुई, तो फिर नदी में अचानक इतना पानी कहां से आया?

नेपाल के रसुवा जिले में बुधवार सुबह भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है. नदी में पानी इतनी तेजी से बढ़ा कि कई बस्तियां, सड़क, पुल और बिजली बनाने वाली परियोजनाएं इसकी चपेट में आ गईं. आचानाक आई इस बाढ़ के कारण भारी संख्या में जान-माल की नुकसान की खबरें भी है.

हालांकि अब तक बाढ़ के कारण का पता नहीं चला है. नेपाल मौसम विभाग के जानकारी के अनुसार बीते दिनों में उत्तरी नेपाल के इस इलाके बारिश भी कम हुई है. ऐसे में अब सवाल ये है कि भोटेकोशी नदी में अचानक इतना पानी कैसे आया, जिससे बाढ़ की स्थिति बन गई.

भोटेकोशी नदी में अचानक कहां से आया बाढ़ का पानी ?

  • बाढ़ का सबसे ज्यादा असर रसुवा के नेपाल-चीन सीमा से लगे इलाके में हुआ. ल्हेन्दे नदी, भोटेकोशी नदी की सहायक नदी है और बुधवार को इसी नदी में पानी का बहाव बेहद बढ़ गया.
  • एसोसिएटेड प्रेस के मुताबिक काठमांडू स्थित इंटरनेशनल सेंटर फॉर इंटीग्रेटेड माउंटेन डेवलपमेंट यानी ICIMOD के विशेषज्ञों के शुरुआती आकलन में नेपाल की तरफ ग्लेशियर से आया बर्फ और चट्टानों का अचानक नीचे गिरना ल्हेन्दे नदी को रोकने की वजह बना हो सकता है.
रसुवा में भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ के बाद कीचड़ से भरे पानी का ऊपर से लिया गया दृश्य
  • ICIMOD के मुताबिक, नदी रुकने के बाद पानी ऊपर जमा हुआ और फिर अचानक नीचे की तरफ बह निकला, जिससे अचानक तेज बाढ़ की स्थिति बनी.

नदी का रास्ता रोकने जाने से कैसे आती है बाढ़?

  • काठमांडू यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर और मौसम और जलवायु पर शोध करने वाले रिजन भक्त कायस्थ ने द काठमांडू पोस्ट को बताया कि शुरुआती आकलन के अनुसार नेपाल की तरफ से आया बर्फ का बड़ा हिस्सा अचानक नीचे गिरकर ल्हेन्दे नदी में गिरा, जिससे हो सकता है नदी का रास्ता रुक गया हो.
  • इससे पानी ऊपर जमा हुआ और बाद में जब यह रुकावट टूटी तो पानी अचानक नीचे की ओर आया. कायस्थ ने यह भी कहा कि यह आकलन नेपाल और चीन के वैज्ञानिकों के साथ शुरुआती बातचीत पर आधारित है और अंतिम निष्कर्ष के लिए अभी कई दिन लग सकते हैं.
  • यही वजह है कि इस घटना को सामान्य नदी की बाढ़ से अलग देखा जा रहा है. नदी के रास्ते में प्राकृतिक रुकावट बनना और फिर उसके टूटने से पानी का एक साथ नीचे आना अचानक तेज बाढ़ जैसी स्थिति पैदा कर सकता है. हालांकि, इस प्रक्रिया में इस घटना के दौरान ठीक-ठीक क्या हुआ, यह वैज्ञानिक जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा.

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क्या भारी बारिश से आई नेपाल में बाढ़?

  • नेपाल के जल तथा मौसम विज्ञान विभाग यानी DHM के विशेष अपडेट के मुताबिक, रसुवा इलाके में मंगलवार और बुधवार को भारी बारिश नहीं हुई थी.
  • विभाग ने बुधवार को भी ज्यादा बारिश की उम्मीद नहीं जताई थी और बताया था कि बारिश वाले बादल गुरुवार से बनने की संभावना थी. इसलिए शुरुआती जानकारी में स्थानीय भारी बारिश को इस बाढ़ की मुख्य वजह नहीं माना जा रहा है.
  • रॉयटर्स ने भी अधिकारियों के हवाले से रिपोर्ट किया कि बाढ़ का तत्कालीन कारण उस समय स्पष्ट नहीं था और प्रभावित क्षेत्र में भारी बारिश इस घटना को समझाने वाली वजह के तौर पर सामने नहीं आई थी.
  • एजेंसी ने यह भी बताया कि पिछले साल इसी नदी में आई बाढ़ को बाद में ग्लेशियर की झील से अचानक पानी निकलने की घटना से जोड़ा गया था.
रसुवा में भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ के बाद कीचड़ भरे पानी में आधे डूबे घर

2025 की तरह ग्लेशियल झील फटने आई नेपाल में बाढ़?

  • यह दूसरी बड़ी संभावना है. डीएचएम ने कहा है कि नेपाल या तिब्बत में कहीं ग्लेशियर की झील से अचानक पानी निकलने की घटना हुई हो सकती है.
  • लेकिन विभाग ने इसे अभी अंतिम कारण नहीं बताया है. यानी फिलहाल यह कहना सही नहीं होगा कि बाढ़ निश्चित तौर पर ग्लेशियर की झील फटने से आई.
  • ग्लेशियर पर अध्ययन करने वाले विशेषज्ञ इस संभावना को इसलिए भी देख रहे हैं क्योंकि इसी इलाके में पहले भी ऐसी घटना हो चुकी है.
  • द काठमांडू पोस्ट के मुताबिक, 8 जुलाई 2025 को भोटेकोशी में अचानक बाढ़ आई थी और डीएचएम के उस समय के विश्लेषण में ल्हेन्दे नदी के पास ग्लेशियर की झील के फटने को बाढ़ का कारण बताया गया था. उस विश्लेषण में सैटेलाइट से ली गई तस्वीरों का इस्तेमाल किया गया था.
  • नेपाल के रसुवा जिला प्रशासन के रिकॉर्ड में भी 2025 की घटना से जुड़े हिम बाढ़ के प्रेस नोट और भोटेकोशी नदी में बाढ़ से हुए नुकसान का आधिकारिक रिकॉर्ड मौजूद है.

भूकंप आया था, तो क्या उससे बाढ़ आई?

  • बाढ़ के आसपास तिब्बती क्षेत्र में 4.4 तीव्रता का भूकंप दर्ज होने की भी जानकारी सामने आई है.
  • द काठमांडू पोस्ट ने अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण यानी USGS के हवाले से बताया कि यह भूकंप सुबह 8:37 बजे आया था और इसका केंद्र गोसाइंकुण्ड से करीब 47 किलोमीटर उत्तर में था.
रसुवा में भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ के बाद कीचड़ से भरा नदी का पानी
  • लेकिन अभी तक ऐसा कोई पुष्ट वैज्ञानिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है कि इस भूकंप ने बर्फ और चट्टानों के अचानक गिरने की घटना कराई और उसी के कारण बाढ़ आई. इसलिए भूकंप को बाढ़ की वजह बताना अभी सही नहीं होगा.

नेपाल के भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ की क्या है वजह

  • मौजूदा जानकारी को एक साथ रखें तो इतना कहा जा सकता है कि नेपाल की यह बाढ़ सिर्फ भारी स्थानीय बारिश से आई सामान्य बाढ़ नहीं दिखती.
  • शुरुआती विशेषज्ञ आकलन बर्फ और चट्टानों के अचानक गिरने से ल्हेन्दे नदी के संभावित रुकने की तरफ इशारा कर रहा है. वहीं डीएचएम और अन्य एजेंसियां ग्लेशियर की झील से अचानक पानी निकलने की संभावना की भी जांच कर रही हैं.
  • इसलिए इस समय सबसे सटीक निष्कर्ष यही है कि बाढ़ का अंतिम कारणों को लेकर अभी जांच जारी है.
  • सैटेलाइट तस्वीरों, नदी के बहाव, ग्लेशियर और संभावित प्राकृतिक रुकावट की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि भोटेकोशी में अचानक आई पानी की यह लहर बर्फ और चट्टानों के अचानक गिरने से बनी, ग्लेशियर की झील से अचानक पानी निकलने से आई या दोनों घटनाओं का इसमें कोई संबंध था.

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By गौतम कुमार

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