ईरान का ट्रंप को करारा जवाब; कहा- घेराबंदी खत्म करो, दबाव में नहीं झुकेंगे

Iran Warns Trump: मध्य पूर्व में पिछले दो महीनों से चल रही जंग के बीच अब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव और बढ़ गया है. ईरान के अधिकारियों ने बातचीत में आ रही दिक्कतों के लिए सीधे तौर पर अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया है. होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) को बंद रखने के फैसले पर तेहरान ने साफ कर दिया है कि वह वाशिंगटन के दबाव में नहीं आएगा.

ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ा तनाव.

Iran Warns Trump: ईरान के मुख्य बातचीत करने वाले और संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने इजरायल पर जंग भड़काने और सीजफायर के नियमों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है. गालिबाफ के अनुसार, इन हालातों में होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलना मुमकिन नहीं है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि जब तक ईरान के बंदरगाहों पर अमेरिकी नौसेना की पाबंदी जारी रहेगी, तब तक दोनों देशों के बीच पूरी तरह शांति संभव नहीं है.

घेराबंदी के कारण बातचीत से इनकार

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जहां एक तरफ अमेरिका-ईरान शांति समझौते को आगे बढ़ाने की बात कही है, वहीं गालिबाफ ने इसे मानने से इनकार कर दिया है. उन्होंने कहा कि एक तरफ दुनिया की अर्थव्यवस्था को बंधक बनाया जा रहा है और दूसरी तरफ शांति की उम्मीद की जा रही है, जो कि नहीं हो सकता. उन्होंने जोर देकर कहा कि अमेरिका और इजरायल अपने मिलिट्री एक्शन या दबाव से अपना मकसद पूरा नहीं कर पाएंगे.

ईरानी राष्ट्रपति ने दी कूटनीति की सलाह

ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने भी गालिबाफ की बातों का समर्थन किया है. उन्होंने कहा कि शांति के लिए बातचीत जरूरी है, दबाव नहीं. पेजेश्कियान के मुताबिक, ईरान हमेशा से बातचीत के लिए तैयार रहा है, लेकिन वाशिंगटन के वादे तोड़ना और धमकियां देना बातचीत में सबसे बड़ी बाधा हैं. उन्होंने अमेरिका के दावों और उनकी असलियत के बीच के अंतर को लेकर भी सवाल उठाए.

ट्रंप बोले- हमारी पाबंदियां पूरी तरह सफल

दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि ईरान पर लगाई गई समुद्री पाबंदियां (ब्लॉकेड) बहुत असरदार हैं. ट्रंप ने दावा किया कि उनकी टीम का इन पाबंदियों पर पूरा कंट्रोल है और कोई भी इसे पार नहीं कर पा रहा है. ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान का सऊदी अरब, यूएई, कतर और कुवैत जैसे देशों पर हमला करना एक बड़ी गलती थी.

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ट्रुथ सोशल पर ट्रंप का कड़ा संदेश

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर लिखा कि उन पर जंग खत्म करने का कोई दबाव नहीं है. उन्होंने कहा कि ईरान आर्थिक और सैन्य रूप से बहुत कमजोर हो चुका है और समय उनके पास कम है. ट्रंप ने लिखा कि ईरान की नौसेना और वायु सेना पूरी तरह खत्म हो चुकी है. उन्होंने साफ किया कि वह कोई भी समझौता तभी करेंगे जब वह अमेरिका और उसके साथियों के हित में होगा.

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लेखक के बारे में

By Govind Jee

गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.

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