चीन ने म्यांमार के मिंग परिवार के 11 अपराधियों को दी फांसी, चलाया था बड़ा ऑनलाइन स्कैम और हत्या का नेटवर्क

चीन ने म्यांमार के मिंग परिवार के 11 अपराधियों को फांसी दी, जिन्होंने ऑनलाइन फ्रॉड, जुआ और हत्या में बड़ा नेटवर्क चलाया. इनके कारण कई चीनी नागरिक मरे और अरबों डॉलर का नुकसान हुआ. सरकार की सख्त कार्रवाई और अन्य बड़े अपराधी परिवारों की सजा से अब स्कैम गिरोहों के लिए चेतावनी साफ है.

चीन ने म्यांमार में बेस्ड एक ताकतवर मिंग अपराध परिवार के 11 सदस्यों को फांसी दी है. इन पर 14 चीनी नागरिकों की हत्या और ऑनलाइन स्कैम व जुआ के बड़े नेटवर्क चलाने का आरोप था, जिसने 1 बिलियन अमेरिकी डॉलर से ज्यादा कमाई की. यह सजा बीजिंग की ट्रांसनेशनल फ्रॉड नेटवर्क के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का सबसे बड़ा कदम माना जा रहा है.

फांसी क्यों हुई?

वेंजौ इंटरमीडिएट पीपुल्स कोर्ट ने बताया कि 11 लोगों को गुरुवार सुबह फांसी दी गई. इनमें प्रमुख रिंगलीडर मिंग गुओपिंग और मिंग झेंझेन के साथ जोउ वेइचांग, वू हॉन्गमिंग और लुआओ जियानझांग शामिल थे.

ये सभी सितंबर में मौत की सजा सुनाए जाने के बाद नवंबर में चीनी सर्वोच्च अदालत द्वारा अपील खारिज कर दी गई थी. इन पर हत्या, अवैध गिरफ्तारी, बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी और अवैध जुआ संचालन जैसे आरोप थे.

म्यांमार में फ्रॉड का बड़ा सेंटर

ऑनलाइन स्कैम के लिए बने कंपाउंड्स जो अक्सर मजबूत सुरक्षा वाले होते हैं म्यांमार, कंबोडिया और लाओस में बड़े पैमाने पर चल रहे हैं. इनमें कई लोग जबरदस्ती काम कर रहे हैं, जिनसे दुनिया भर के लोगों को धोखा दिया गया.

संयुक्त राष्ट्र के मुताबिक सैकड़ों हजार लोग इन साइबर स्कैम ऑपरेशन में फंसे हुए हैं, जिनमें हजारों चीनी नागरिक भी शामिल हैं. क्षेत्र की सरकारों पर चीन, अमेरिका और अन्य देशों की ओर से कड़ी कार्रवाई का दबाव बढ़ा है.

बीजिंग की यह सजा उन सभी नेटवर्क्स के लिए साफ चेतावनी है जो अभी भी सीमा पार संचालित हो रहे हैं या म्यांमार के दूरदराज इलाकों में शिफ्ट हो गए हैं.

मिंग परिवार पर शिकंजा कसना

मिंग परिवार का पतन 2023 के अंत में हुआ, जब उत्तर म्यांमार में एक एथनिक हथियारबंद गठबंधन ने बड़े इलाके पर कब्जा किया. इस दौरान लौकाइंग शहर भी उनके हाथ आया, जो जुआ, ब्रोथेले और स्कैम कंपाउंड्स के लिए कुख्यात था.

जब विद्रोहियों ने शहर पर कब्जा किया, तो कई प्रमुख स्कैम बॉसों को चीन के हवाले कर दिया गया. चीन की नाराजगी बढ़ रही थी क्योंकि म्यांमार की सेना स्कैम इकोनॉमी से लाभ ले रही थी और इसे रोकने में ढील दिखा रही थी.

मिंग परिवार कौन था?

मिंग परिवार 2000 के दशक के शुरू में लौकाइंग में उभरे. परिवार के पिता मिंग शुएचांग ने गिरफ्तारी से बचने के लिए 2023 में आत्महत्या कर ली थी. उनकी साम्राज्य की शुरुआत जुआ और वेश्यावृत्ति से हुई, लेकिन बाद में उन्होंने ऑनलाइन फ्रॉड को बड़े पैमाने पर शुरू किया.

चीनी अधिकारियों के अनुसार 2015 से 2023 तक इनकी कमाई 10 अरब युआन (लगभग $1.4 बिलियन) थी. उनके कंपाउंड्स में हिंसा आम थी. पूर्व बंदियों ने मारपीट, यातना और मौत के खतरे की कहानी बताई.

इन अपराधों में 14 चीनी नागरिक मारे गए और कई घायल हुए

मिंग परिवार के 20 से अधिक सदस्यों को सितंबर में 5 साल से आजीवन जेल की सजा सुनाई गई. चीन की टॉप अदालत ने कहा कि इन अपराधों में 14 चीनी नागरिक मारे गए और कई घायल हुए. राज्य मीडिया ने टेलीविजन पर कबूलनामे और जांची डॉक्यूमेंट्री दिखाई, जिससे यह संदेश गया कि बीजिंग स्कैम इंडस्ट्री को जड़ से खत्म करना चाहता है. फांसी की यह कार्रवाई आखिरी नहीं है. पिछले साल बाई परिवार के 5 सदस्यों को भी मौत की सजा दी गई थी और वेई और लियू परिवारों के नेताओं की जांच अभी चल रही है.

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लेखक के बारे में

By Govind Jee

गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.

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