ड्रैगन ने छोड़ा तो ट्रंप को मिला यूनुस का साथ, एक साल में 1 बिलियन डॉलर के सोयाबीन खरीदेंगी बांग्लादेशी कंपनियां

Bangladesh to buy American Soyabean: चीन ने अमेरिका के साथ अघोषित व्यापार युद्ध में सोयाबीन को हथियार बनाया और ट्रंप के टैरिफ के जवाब में इस कमोडिटी के आयात में कमी कर दी. ट्रंप के सबसे बड़े समर्थकों, फार्मस लॉबी को इससे बड़ा झटका लगा. हालांकि अब बांग्लादेश इस जगह को भरने में आगे आया है.

Bangladesh to buy American Soyabean: अमेरिका और चीन के बीच छिड़े अघोषित व्यापार युद्ध और टैरिफ में ट्रंप के लिए सबसे बड़े मुद्दों में से एक सोयाबीन है. अपने किसानों के फायदे के लिए ट्रंप ने चीन पर दबाव बनाने की कोशिश की, लेकिन अब तक कोई विशेष फायदा नहीं मिला था. हालांकि बीते दिनों बुसान में ट्रंप और शी जिनपिंग की मुलाकात के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ने बयान दिया कि चीन अमेरिकी सोयाबीन खरीदने के लिए राजी हो गया है. हालांकि चीन की ओर से कोई विशेष प्रतिक्रिया नहीं आई, बजाय इसके ड्रैगन के इस फसल के लिए ब्राजील और अर्जेंटीना से करार की खबरें जरूर आईं. हालांकि अमेरिका को अब इस मुश्किल से निकालने के लिए बांग्लादेश ने कदम बढ़ाया है.  बांग्लादेश की शीर्ष तीन सोया क्रशिंग कंपनियों मेघना ग्रुप, सिटी ग्रुप और डेल्टा एग्रो के एक कंसोर्टियम ने अगले बारह महीनों में अमेरिका से 1 अरब अमेरिकी डॉलर मूल्य के सोयाबीन खरीदने की प्रतिबद्धता जताई है. ढाका स्थित अमेरिकी दूतावास के एक प्रवक्ता ने मंगलवार को यह जानकारी दी.

अमेरिकी मिशन की प्रवक्ता पूरनिमा राय ने कहा, “यूएस सोयाबीन एक्सपोर्ट काउंसिल (USSEC) के साथ हुआ यह ऐतिहासिक समझौता बांग्लादेश में उच्च गुणवत्ता वाले अमेरिकी कृषि उत्पादों के लिए बढ़ते निर्यात बाजार का संकेत देता है.” यह समति विदेशों में अमेरिकी सोयाबीन किसानों के हितों का प्रतिनिधित्व करने वाला एक व्यापार संगठन है. अमेरिकी चार्ज द’अफेयर्स ट्रेसी जैकब्सन ने इस समझौते का स्वागत करते हुए कहा कि बांग्लादेश अमेरिकी निर्यातों के लिए एक प्रमुख बाजार के रूप में तेजी से उभर रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि इस समझौते के परिणामस्वरूप बांग्लादेश को अमेरिकी सोयाबीन की बिक्री तीन गुना बढ़ने की उम्मीद है.

बांग्लादेश में बढ़ रहे अमेरिकी कृषि उत्पाद

बांग्लादेश के समाचार पत्र डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, ये व्यापारिक समझौते मंगलवार को ढाका के शेरेटन होटल में आयोजित दो अलग-अलग कार्यक्रमों में हस्ताक्षरित किए गए, जिनमें आयातकों, उद्योग प्रतिनिधियों, राजनयिकों और व्यापारिक नेताओं ने भाग लिया. वहीं अमेरिकी दूतावास ने एक बयान में कहा कि USSEC के साथ यह समझौता व्यापारिक साझेदारी को मजबूत करने और बांग्लादेश में उच्च गुणवत्ता वाले अमेरिकी कृषि उत्पादों के बढ़ते बाजार को दर्शाता है.

कैसे लगातार बढ़ा अमेरिका निर्यात?

जैकब्सन ने कहा कि वाशिंगटन, विशेष रूप से कृषि क्षेत्र में, ढाका के साथ अपने व्यापार और आर्थिक सहयोग को गहरा करने की दिशा में काम कर रहा है. उन्होंने बताया, “संयुक्त राज्य अमेरिका 2024 से 2025 के बीच बांग्लादेश को कृषि निर्यात 779 मिलियन अमेरिकी डॉलर से बढ़ाकर 1 अरब अमेरिकी डॉलर तक ले जाने का लक्ष्य रखता है. आज का यह समझौता उस दिशा में एक बड़ा कदम है.” उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका से बांग्लादेश को सोयाबीन मील का निर्यात उल्लेखनीय रूप से बढ़ा है. 2023 में 5 मिलियन अमेरिकी डॉलर से 2024 में 20 मिलियन डॉलर तक और इस वर्ष इसके 86 मिलियन डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है.

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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