ISIS ने 21 बंधकों का सिर कलम किया, वीडियो जारी

काहिरा: लीबिया में इस्लामिक स्टेट समूह के सहयोगी आतंकियों ने कोप्टिक ईसाई बंधकों के सामूहिक तौर पर सिर कलम करने वाला वीडियो जारी किया है.इन हत्याओं से यह आशंका पैदा हो गई है कि सीरिया और इराक के लगभग एक तिहाई हिस्से पर कब्जा रखने वाले इस्लामिक आतंकी समूह ने इटली के दक्षिणतम छोर से […]

काहिरा: लीबिया में इस्लामिक स्टेट समूह के सहयोगी आतंकियों ने कोप्टिक ईसाई बंधकों के सामूहिक तौर पर सिर कलम करने वाला वीडियो जारी किया है.इन हत्याओं से यह आशंका पैदा हो गई है कि सीरिया और इराक के लगभग एक तिहाई हिस्से पर कब्जा रखने वाले इस्लामिक आतंकी समूह ने इटली के दक्षिणतम छोर से 500 मील से भी कम दूरी पर एक प्रत्यक्ष सहयोगी संगठन स्थापित कर लिया है.

वीडियो में दिखने वाले आतंकियों में से एक आतंकी सीधे इस आशंका की ओर इशारा करते हुए कहता है कि अब समूह की ‘‘रोम फतह’’ करने की योजना है. वहीं खबर के अनुसार, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल-फतह अल-सिसी ने कहा है कि लीबिया में इस्लामिक स्टेट के आतंकियों द्वारा उनके 21 ईसाई नागरिकों की हत्याओं पर ‘‘जवाबी कार्रवाई का अधिकार उनके देश के पास सुरक्षित’’ है. इसका समय और तरीका उनका देश अपने हिसाब से तय कर सकता है.

राष्ट्रपति ने कल टेलीविजन पर दिए गए भाषण में कहा, ‘‘मिस्र आतंकवाद को हराने में सक्षम है क्योंकि वह ऐसा सिर्फ अपनी सुरक्षा के लिए ही नहीं बल्कि मानवता की रक्षा के लिए भी करता है.’’ ईसाईयों के सिर कलम किए जाने की निंदा करते हुए मिस्र के राष्ट्रपति ने कहा कि आतंकवाद का एक नया रुप दुनिया भर में पैर पसार रहा है. इसके साथ ही उन्होंने सब लोगों से एकजुट होकर इससे लडने की अपील की.

आतंकियों ने मिस्र के इन 21 ईसाईयों को कई सप्ताह से बंधक बनाकर रखा था. ये सभी मजदूर थे, जिन्हें सिर्ते नामक शहर से दिसंबर और जनवरी में उठा लिया गया था. वीडियो से यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि क्या सभी 21 बंधक मारे गए हैं? बंधकों के सिर कलम करने वाला यह अपनी तरह का पहला वीडियो है, जो आईएस के मूल प्रभाव क्षेत्र यानी सीरिया और इराक से बाहर के इस्लामिक स्टेट से संबद्ध समूह की ओर से जारी किया गया है.

मिस्र की सरकार और मिस्र में स्थित कॉप्टिक चर्च ने इस वीडियो को असली बताया है.कॉप्टिक चर्च ने एक बयान में अपने अनुयायियों से इस बात पर यकीन रखने के लिए कहा कि ‘‘उनका महान देश शैतान अपराधियों को दंड दिए बिना आराम से नहीं बैठेगा.’’वीडियो बनाने वाले लोग खुद को त्रिपोली प्रोविंस ऑफ द इस्लामिक स्टेट ग्रुप बताते हैं. वीडियो से ली गई एक तस्वीर को पिछले सप्ताह इस्लामिक स्टेट समूह की दाबिक ऑनलाइन पत्रिका में प्रकाशित किया गया था इससे लीबियाई आतंकियों और मुख्य समूह के बीच एक सीधे संपर्क के संकेत मिले थे.

कल देर रात जारी वीडियो में संतरी रंग के जंपसूट पहने कई लोगों को एक समुद्र तट पर लाया जा रहा है. हर एक व्यक्ति के साथ एक नकाबपोश आतंकी है. इन लोगों को घुटनों के बल बैठा दिया गया है और एक आतंकी, जिसका लिबास औरों से कुछ अलग है, वह कैमरे को उत्तर-अमेरिकी लहजे वाली अंग्रेजी में संबोधित कर रहा है.

वह कहता है, ‘‘जिस समुद्र में तुमने शेख ओसामा बिन लादेन को दफना दिया था,अल्लाह कसम , हम उसी समुद्र को तुम्हारे खून से रंग देंगे.’’ इसके बाद वहां मौजूद लोग अपने चेहरे झुका लेते हैं और इसके साथ ही उनके सिर कलम कर दिए जाते हैं.आतंकियों का वक्ता तब उत्तर की ओर इशारा करके कहता है, ‘‘अल्लाह की इजाजत से हम रोम पर फतह हासिल करेंगे.’’

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >