जारी है चीन का दीर्घकालिक सैन्य आधुनिकीकरण:अमेरिका

वाशिंगटन: पेंटागन ने कहा है कि चीन अल्पकालिक और अत्यंत तीव्र क्षेत्रीय संघर्षों से निपटने के लिए अपने सैन्य बलों की क्षमता में सुधार की खातिर दीर्घकालिक और समग्र सैन्य आधुनिकीकरण कार्यक्रम पर लगातार काम कर रहा है. कांग्रेस को दी गई अपनी वार्षिक रिपोर्ट में कल पेंटागन ने कहा कि चीन के सैन्य निवेश […]

वाशिंगटन: पेंटागन ने कहा है कि चीन अल्पकालिक और अत्यंत तीव्र क्षेत्रीय संघर्षों से निपटने के लिए अपने सैन्य बलों की क्षमता में सुधार की खातिर दीर्घकालिक और समग्र सैन्य आधुनिकीकरण कार्यक्रम पर लगातार काम कर रहा है.

कांग्रेस को दी गई अपनी वार्षिक रिपोर्ट में कल पेंटागन ने कहा कि चीन के सैन्य निवेश के केंद्र में ताइवान स्ट्रेट में होने वाले संभावित टकराव की तैयारी है, जिसमें किसी तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप को रोकना भी शामिल है. 90 से ज्यादा पृष्ठों वाली रिपोर्ट ‘‘मिलिटरी एंड सिक्योरिटी डवलपमेंट्स इनवॉल्विंग पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना 2014’’ में कहा गया है कि चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) yताइवान के अलावा अन्य आकस्मिक खचरें के लिए भी तैयारी कर रही है. इनमें दक्षिण और पूर्वी चीन सागरों में संभावित आकस्मिक व्यय शामिल हैं.

इस रिपोर्ट के अनुसार, चीन के हितों, क्षमताओं और अंतरराष्ट्रीय प्रभाव में वृद्धि हुई है. इसके सैन्य आधुनिकीकरण कार्यक्रम का केंद्र भी चीन के तट से अलग, कई अभियानों में सैन्य निवेश पर तेजी से केंद्रित हुआ है. इनमें समुद्री तट सुरक्षा, समुद्री डकैती-रोधी उपाय, शांति स्थापना और मानवीय मदद-आपदा राहत आदि शामिल हैं. चीनी नेता पीएलए के इस आधुनिकीकरण को आवश्यक बताते हैं और वे इसे 21 वीं सदी के शुरुआती दो दशकों के दौरान चीन के राष्ट्रीय विकास को आगे बढाने के ‘रणनीतिक अवसर के समय’ के तौर पर देखते हैं.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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