एसपी लिपि सिंह की सख्ती के बाद भी सहरसा में पुलिस कर्मी सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं. एसपी के द्वारा लगातार ऐसे कर्मियों पर कार्रवाई के बावजूद कुछ कर्मी के द्वारा चोरी-छिपे केस को लेकर पैसों की लेनदेन की जा रही है.
वीडियो और ऑडियो वायरल
ताजा मामले में सदर थाना के पुलिस अंचल कार्यालय के एक कर्मी का वीडियो व केस आईओ एवं इंस्पेक्टर का ऑडियो वायरल हो रहा है. हालांकि वायरल वीडियो एवं ऑडियो की पुष्टि प्रभात खबर नहीं करता है. वायरल वीडियो में एक पुलिस कर्मी को सिविल ड्रेस में एक व्यक्ति से पैसा लेते दिखाया जा रहा है. वीडियो में दोनों के बीच किसी केस को लेकर बातचीत हो रही है
क्या था मामला
सदर थाना क्षेत्र के पटुआहा निवासी अमरेंद्र कुमार ने सदर अस्पताल में पुलिस को दिए बयान में कहा कि दो अगस्त को पानी बहाने को लेकर गिरो यादव से उसकी बकझक हो गयी. लेकिन कुछ ग्रामीणों ने बीचबचाव कर मामला को शांत करा दिया. वह अपने घर चला गया. जिसके बाद एक मत होकर गिरो यादव, रामदेव यादव, राजा यादव, संजू देवी, बद्री यादव, बजरंग यादव, पप्पू यादव व अन्य अपने हाथ में लाठी, रड व अन्य लेकर घर घुस कर उसे, उसकी पत्नी के साथ मारपीट कर जख्मी कर दिया और हथियार लहरा कर केस करने पर जान से मारने की धमकी दी. जख्मी के बयान पर सदर थाना में मामला दर्ज कर एएसआई नरेंद्र सिंह को अनुसंधान की जिम्मेदारी दी गयी.
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पर्यवेक्षण में दिये गये हैं कई निर्देश
इंस्पेक्टर से हुई बातचीत में इंस्पेक्टर ने उनके द्वारा केस ट्रू कर देने की बात कह कहा कि आखिर क्यों गिरफ्तारी नहीं कर रहा है, समझ नहीं आ रहा है. इंस्पेक्टर ने अपने पर्यवेक्षण टिप्पणी में आईओ को प्राथिमिकी नामजद अभियुक्तों के नाम, पता एवं उम्र का सत्यापन कर गिरफ्तार करने, फरार रहने पर कुर्की जब्ती की कार्रवाई करने, निरोधात्मक कार्रवाई करने, जख्मियों का जख्म प्रतिवेदन प्राप्त कर दैनिकी में अंकित करने, नामजद अभियुक्तों का आपराधिक इतिहास व स्थानीय चरित्र का सत्यापन कर दैनिकी में अंकित करने, अन्य साक्षी का बयान लेकर कांड दैनिकी में अंकित करने का निर्देश दिया है.
मामला संज्ञान में आया है, जांच की जा रही है.
लिपी सिंह, एसपी
