Ramadan 2022: मुस्लिम समुदाय का सबसे पाक महीना यानी रमजान शुरू हो रहा है. रमजान अगले महीने की 2 तारीख यानी 2 अप्रैल से शुरू होने जा रहा है. रमजान को इस्लामी कैलेंडर का नौवां महीना माना जाता है. वैसे, रमजान के महीने में चांद का महत्वपूर्ण भूमिका रहती है. रमजान के महीने की शुरुआत चांद के दिखाई देने पर निर्भर करती है.
रमजान की खास परंपराएं
रमजान में सहरी की परंपरा: रमजान के दौरान सुबह सूर्य निकलने से पहले भोजन करने की परंपरा होती है जिसे सहरी कहा जाता है. सेहरी करने की परंपरा को सुन्नत भी कहा जाता है.
रमजान में इफ्तार की परंपरा: पूरे दिन महीना भर रोजा रखा जाता है और प्रत्येक दिन सूर्यास्त के बाद रोजा खोलने की परंपरा होती है जिसे इफ्तार भी कहा जाता है.
रमजान में शब-ए-कद्र मनाने की परंपरा: रमजान माह में शब-ए-कद्र मनाने की परंपरा भी होती है. जिसमें इस्लाम से जुड़े सभी रोजेदार लोग रात भर जागकर इबादत करते हैं और पूरे पाक महीने पांचों प्रहर नमाज अदा करने की परंपरा होती है. जिसे शब-ए-कद्र भी कहा जाता है.
इस पूरे महीने में लोग रोजा रखते हैं
इस पूरे महीने में लोग रोजा रखते हैं. वो पूरे दिन उपवास करते हैं, सूर्यास्त तक कुछ भी खाते या पीते नहीं हैं. और सुबह सूरज उगने से पहले सहरी का सेवन करते हैं. और शाम को सूरज डूबने के बाद इफ्तार किया जाता है.
रमजान 2022 सहरी और इफ्तार का समय
जगह— सहरी समय — इफ्तार समय
दिल्ली— 04:56 am — 06:38 pm
मुंबई— 05:22 am — 06:52 pm
कोलकाता— 04:17 am — 05:51 pm
कानपुर — 04:46 am — 06:25 pm
हैदराबाद— 05:01 am — 06:30 pm
चेन्नई— 04:56 am — 06:21 pm
अहमदाबाद— 05:20 am — 06:55 pm
