WhatsApp Alert : धोखाधड़ी के इन तरीकों से आप भी रहें सावधान, जरा सी लापरवाही पड़ेगी भारी

what are 7 types of whatsapp frauds - हमारे देश में भी व्हॉट्सऐप का इस्तेमाल 53 करोड़ से ज्यादा लोग करते हैं. करोड़ों लोगों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला यह चैटिंग ऐप साइबर अपराधियों के लिए भी अपराध का केंद्र रहता है.

WhatsApp Account Safety Tips : दुनिया के सबसे पॉपुलर इंस्टैंट मैसेजिंग प्लैटफॉर्म्स में से एक, व्हॉट्सऐप का इस्तेमाल दुनिया भर में 200 से ज्यादा देशों में किया जाता है. मेटा के इस सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म पर 2 अरब 75 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं.

हमारे देश में भी व्हॉट्सऐप का इस्तेमाल 53 करोड़ से ज्यादा लोग करते हैं. करोड़ों लोगों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला यह चैटिंग ऐप साइबर अपराधियों के लिए भी अपराध का केंद्र रहता है.

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व्हॉट्सऐप यूजर्स को तरह-तरह के झांसे देकर ठगी के कई मामले आये दिन सामने आते रहते हैं. इसी कड़ी में केंद्रीय गृह मंत्रालय के पुलिस थिंक टैंक ने चेतावनी जारी की है.

व्हॉट्सऐप पर इन 7 तरीकों से हो सकती है ठगी

केंद्रीय गृह मंत्रालय के पुलिस अनुसंधान एवं विकास ब्यूरो (Bureau of Police Research and Development) ने व्हॉट्सऐप के जरिये होने वाली धोखाधड़ी को 7 तरह का बताया है.

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इनमें पहला है- व्हॉट्सऐप के जरिये मिस्ड कॉल, दूसरा है- व्हॉट्सऐप के माध्यम से वीडियो कॉल, तीसरा है- व्हॉट्सऐप पर नौकरी का ऑफर, चौथा है- व्हॉट्सऐप के जरिये निवेश योजना का लालच, पांचवां- पहचान बदल कर जालसाजी, छठा- सेंधमारी, आैर सातवां- स्क्रीन शेयरिंग है.

व्हॉट्सऐप यूजर्स तक कैसे पहुंच रहे ठग?

साइबर ठगी करने वाले अपराधी हाइजैकिंग के जरिये यूजर के व्हॉट्सऐप तक अपनी पहुंच बढ़ा रहे हैं. इसके बाद यूजर के कॉन्टैक्ट्स से पैसे की वसूली कर ली जा रही है.

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व्हॉट्सऐप पर जालसाजों से बचने का तरीका क्या है?

व्हॉट्सऐप यूजर्स को सलाह दी जाती है कि वे व्हॉट्सऐप पर आने वाले किसी भी अनजान कॉल और वीडियो कॉल को रिसीव न करें. इस तरह के कॉल अाम तौर पर सेक्सटॉर्शन से जुड़े होते हैं. इसके अलावा, व्हॉट्सऐप पर निवेश की योजना या नौकरी से जुड़े किसी तरह के ऑफर या प्रपोजल को लेकर सावधानी बरतें.

व्हॉट्सऐप के स्क्रीन शेयरिंग फीचर का इस्तेमाल हर समय न करें. व्हॉट्सऐप पर अगर किसी पहचान वाले व्यक्ति का कॉल आता है, तो उसकी आवाज पर ध्यान दें. जान-पहचान के व्यक्ति के मैसेज पर तुरंत पेमेंट करना रिस्की हो सकता है.

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Author: Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

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