मैं जल्द ही आऊंगी… शारदा सिन्हा का फेसबुक पोस्ट वायरल, पति के निधन के बाद लिखी थी यह बात

शारदा सिन्हा महज डेढ़ महीना ही पति के बिना जीवित रह पाईं. उनके निधन के बाद वायरल हो रहे पोस्ट में उन्होंने पति को याद करते हुए लिखा था- मैं जल्द आऊंगी. इसे अब उनके निधन से जोड़कर श्रद्धांजलि दी जा रही है.

Sharda Sinha Last Words: लोकगायिका शारदा सिन्हा के निधन के बाद उनका एक फेसबुक पोस्ट वायरल हो रहा है. अक्टूबर 2024 के इस पोस्ट में बिहार कोकिला ने पति बृजकिशोर सिन्हा के निधन के बाद गहरी भावनाएं व्यक्त की थीं. शारदा सिन्हा महज डेढ़ महीने तक ही पति के बिना जीवित रह पाईं. इस पोस्ट में उन्होंने पति को याद करते हुए लिखा था- मैं जल्द आऊंगी. इसे अब उनके निधन से जोड़कर श्रद्धांजलि दी जा रही है.

54 साल का गृहस्थ जीवन

शारदा और बृजकिशोर के बीच अटूट प्रेम था, जो उनके फेसबुक पोस्ट्स में साफ नजर आता है. दोनों ने 54 सालों तक साथ गृहस्थ जीवन बिताया. सितंबर 2024 में बृजकिशोर का निधन हुआ था, और इसके बाद शारदा ने अक्तूबर में अपने जन्मदिन पर एक भावुक पोस्ट लिखा था, जिसमें उन्होंने बताया था कि कैसे उनके पति उनके जन्मदिन पर हर साल गुलाब के फूल उनके सिरहाने रखते थे.

फेसबुक पर साझा कीं पति की यादें

वायरल फेसबुक पोस्ट में शारदा सिन्हा ने पति बृजकिशोर सिन्हा की यादों को बहुत भावुक तरीके से साझा किया था. उन्होंने लिखा था कि कैसे उनके पति उनके जन्मदिन पर गुलाब के फूल देकर प्यारभरी शुभकामनाएं देते थे और फिर चटपटा नाश्ता तैयार करते थे. शारदा ने कहा कि बृजकिशोर के बिना यह दिन उनके लिए बहुत दुखदायी और शूल जैसा महसूस होता है.फेसबुक पोस्ट में शारदा सिन्हा ने अपनी आखिरी मुलाकात का जिक्र करते हुए बताया कि 17 सितंबर की शाम को उन्होंने पति से कहा था कि वह तीन दिन में वापस लौट आएंगी, और बृजकिशोर ने उन्हें हाथ जोड़कर और डबडबाती आंखों से कहा था, आप बस स्वस्थ रहिए, जल्दी लौट आइए. यह उनकी आखिरी मुलाकात थी, और शारदा ने लिखा कि उस समय यह कोई नहीं जानता था कि उनकी आंखें आखिरी बार मिल रही थीं.

आखिरी मुलाकात का जिक्र

फेसबुक पोस्ट में शारदा सिन्हा ने अपनी आखिरी मुलाकात का जिक्र करते हुए बताया कि 17 सितंबर की शाम को उन्होंने पति से कहा था कि वह तीन दिन में वापस लौट आएंगी, और बृजकिशोर ने उन्हें हाथ जोड़कर और डबडबाती आंखों से कहा था, आप बस स्वस्थ रहिए, जल्दी लौट आइए. यह उनकी आखिरी मुलाकात थी, और शारदा ने लिखा कि उस समय यह कोई नहीं जानता था कि उनकी आंखें आखिरी बार मिल रही थीं.

शारदा जी ने जो कहा था, वह सच हो गया…

शारदा सिन्हा ने आगे कहा कि उनके बच्चों वंदना और अंशुमान को भी ऐसा लगता था जैसे उनके पिता थोड़ी देर में लौट आएंगे. पोस्ट में उन्होंने उस चीरते सन्नाटे और शूल सी चुभन का जिक्र किया, जो वह महसूस कर रही थीं. शारदा सिन्हा ने अपनी आखिरी मुलाकात की एक तस्वीर भी साझा की, जिसमें बृजकिशोर अपनी पोती को गोदी में लिये हुए थे, और शारदा द्रवित होकर उन्हें दिलासा देती दिख रही थीं. कई लोगों ने इस पोस्ट पर लिखा कि शारदा जी ने जो कहा था, वह सच हो गया. वह सच में जल्द ही अपने पति के पास चली गईं.

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