पहले जैसी कूलिंग नहीं दे रहा कार का AC? अपनाएं यह आसान तरीके, भीषण गर्मी में लगेगी कश्मीर वाली ठंड

Car AC Tips: गर्मियों के मौसम में कार का एसी सही तरीके से काम करना बेहद जरूरी होता है. अगर आपकी कार का एसी ठंडी हवा नहीं देता, तो तेज गर्मी में सफर करना मुश्किल हो सकता है. ऐसे में यदि एसी की कूलिंग में कोई दिक्कत आए, तो इन 5 जरूरी बातों की जांच जरूर करें.

Car AC Tips: गर्मियां अपने चरम पर हैं और जब तापमान 45 डिग्री से ऊपर पहुंच जाए, तो कारों के एसी भी अब कम असरदार महसूस होने लगते हैं. ऐसे में कार में लगे एसी का सही हालत में रहना पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो जाता है. एसी न केवल ठंडक और आराम प्रदान करता है, बल्कि गर्मी से होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचाव में अहम भूमिका निभाता है. इसीलिए यह सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है कि आपकी कार का एसी पूरी क्षमता के साथ काम करे. आज हम आपको ऐसे 10 अहम सुझाव देने जा रहे हैं जिससे आपकी कार के एसी की परफॉर्मेंस और बेहतर हो सकती है.

कार में फंसी गर्म हवा को निकालें

गाड़ी में बेहतर कूलिंग के लिए जरूरी है कि एसी चालू करने से पहले केबिन में फंसी गर्म हवा को बाहर निकाला जाए. इसके लिए कार की विपरीत दिशा वाली खिड़कियों को खोलें और कुछ देर तक फैन चलाएं, ताकि केबिन का तापमान गिर सके. इसके बाद एसी चालू करें। इस तरीके से एसी तेजी से ठंडी हवा देना शुरू कर देगा.

AC चलाते समय करें रीसर्कुलेशन मोड का इस्तेमाल

कार का एसी ऑन करने के बाद रीसर्कुलेशन मोड का इस्तेमाल करना बेहद जरूरी है. इससे बाहर की गर्म हवा अंदर नहीं आती और केबिन के भीतर की ठंडी हवा ही बार-बार सर्कुलेट होती है, जिससे तेजी से और बेहतर कूलिंग मिलती है.

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ऑटो स्टार्ट/स्टॉप फंक्शन को करें बंद

अगर आपकी कार मॉडर्न या हाइब्रिड है तो उसमें ऑटो स्टार्ट/स्टॉप फंक्शन जरूर होगा, जो फ्यूल बचाने के लिए इंजन को अस्थायी रूप से बंद कर देता है. लेकिन इससे AC का कंप्रेसर भी बंद हो जाता है, जिससे केबिन का तापमान बढ़ जाता है. तापमान कम करने के लिए एसी को फिर से अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ती है, जिससे फ्यूल की खपत बढ़ जाती है. ऐसे में सफर को किफायती और ठंडा बनाए रखने के लिए इस फंक्शन को बंद करना बेहतर रहेगा.

गाड़ी के AC कंडेंसर को साफ रखना बेहद जरूरी

कार के एयर कंडीशनिंग सिस्टम में कंडेंसर की भूमिका अहम होती है. यह अतिरिक्त गर्मी को वायुप्रवाह में फैलाकर रेफ्रिजरेंट को दोबारा ठंडा करने का कार्य करता है. हालांकि, धूल और मलबा जमा होने से कंडेंसर एसी की कार्यक्षमता पर प्रभाव पड़ता है. ऐसे में कंडेंसर को साफ बनाए रखना वाहन के एसी की कूलिंग क्षमता बढ़ाने के लिए बेहद जरूरी है.

कार एसी को सही तापमान पर चलाएं

कार के AC को अधिकतम ठंडक के लिए सबसे कम तापमान पर चलाना सही तरीका नहीं है. ब्यूरो एनर्जी एफिसिएंसी (BEE) के अनुसार, एसी को लगभग 24 डिग्री सेल्सियस पर सेट करना ज्यादा उपयुक्त है. इससे एसी सिस्टम पर कम दबाव पड़ता है और कूलिंग भी प्रभावी तरीके से होती है, जो ईंधन की बचत और सिस्टम की लंबी उम्र दोनों में मदद करती है.

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Published by: Ankit anand

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अंकित आनंद एक टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल जर्नलिस्ट हैं, जो डिजिटल मीडिया में टेक और ऑटो सेक्टर से जुड़े विषयों पर लगातार लिखते हैं. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. टेक्नोलॉजी सेक्टर में उनकी रुचि स्मार्टफोन लॉन्च, मोबाइल ऑपरेटिंग सिस्टम, टेलीकॉम अपडेट्स, इंटरनेट सेवाओं, AI टूल्स, ऐप्स, गैजेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स और कंज्यूमर टेक्नोलॉजी से जुड़े विषयों में है. वहीं ऑटोमोबाइल सेक्टर में वे नई कारों और बाइक्स की लॉन्चिंग, फीचर्स, कीमत, सेफ्टी, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV), फ्लेक्स-फ्यूल टेक्नोलॉजी और ऑटो इंडस्ट्री के बदलते ट्रेंड्स पर रेगुलर लिखते हैं.

उनकी कोशिश रहती है कि हर खबर में सिर्फ फीचर्स, कीमत या लॉन्च की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी बताया जाए कि वह टेक्नोलॉजी आम लोगों के कितने काम की है, उसे इस्तेमाल करने का एक्सपीरियंस कैसा होगा और उसे खरीदना सही रहेगा या नहीं.

पढ़ाई और करियर

बिहार में जन्मे अंकित आनंद की शुरुआती शिक्षा सीबीएसई बोर्ड से हुई है. इसके बाद उन्होंने साल 2024 में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU) के कस्तूरी राम कॉलेज ऑफ हायर एजुकेशन से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान ही अंकित की रुचि डिजिटल मीडिया और न्यूज लिखने में बढ़ने लगी. इसी दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करना शुरू किया और आगे चलकर उन्होंने इन्हीं विषयों को अपने काम का हिस्सा बना लिया.

प्रभात खबर डिजिटल से पहले अंकित ने Zee News में करीब एक साल तक काम किया. यहां उन्होंने टीवी न्यूज प्रोडक्शन, आउटपुट डेस्क, कंटेंट रिसर्च, फैक्ट वेरिफिकेशन और न्यूज राइटिंग के अलग-अलग पहलुओं पर काम किया.

विजन

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