‘24 घंटे में बंद हो जाएगा आपका BSNL सिम कार्ड’ – जानिए इस मैसेज की सच्चाई

BSNL KYC Scam: क्या आपको BSNL सिम ब्लॉक होने का मैसेज मिला? जानिए PIB फैक्ट चेक के अनुसार इसकी सच्चाई. जानें कैसे साइबर फ्रॉड से बचें और अपने मोबाइल नंबर को सुरक्षित रखें.

BSNL KYC Scam: हाल ही में बीएसएनएल (BSNL) के ग्राहकों को एक फेक मैसेज मिल रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि उनकी सिम टेलिकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) द्वारा निलंबित कर दी गई है और अगले 24 घंटे में उनका सिम कार्ड ब्लॉक हो जाएगा. साथ ही, उनसे एक दिये गए नंबर पर संपर्क करने के लिए कहा जा रहा है ताकि वे इस समस्या से बच सकें.

क्या यह मैसेज असली है?

पीआईबी फैक्ट चेक (PIB Fact Check) ने इस तरह के मैसेज को पूरी तरह फर्जी करार दिया है. यह मैसेज देखने में एक सरकारी नोटिस जैसा लगता है, जिसमें सत्यमेव जयते, BSNL का लोगो, TRAI की मुहर और मिनिस्ट्री ऑफ कम्युनिकेशन (Ministry of Communication) का नाम शामिल होता है. इससे यह एक असली नोटिस जैसा प्रतीत होता है, लेकिन यह पूरी तरह फेक और धोखाधड़ी है.

Bsnl kyc scam: क्या आपको bsnl सिम ब्लॉक होने का मैसेज मिला? जानिए pib फैक्ट चेक के अनुसार इसकी सच्चाई. जानें कैसे साइबर फ्रॉड से बचें और अपने मोबाइल नंबर को सुरक्षित रखें.

फेक मैसेज से होने वाले संभावित नुकसान

साइबर फ्रॉड का खतरा – यह मैसेज ठगी का एक तरीका है, जहां कॉल करने पर साइबर अपराधी यूजर्स से बैंक डिटेल्स और ओटीपी मांग सकते हैं, जिससे उनका अकाउंट खाली किया जा सकता है.

व्यक्तिगत डेटा लीक होने का खतरा – यदि यूजर्स दिये गए नंबर पर कॉल करते हैं या कोई संदिग्ध लिंक क्लिक करते हैं, तो उनका निजी डेटा हैकर्स के हाथों में जा सकता है.

बैंकिंग धोखाधड़ी – चूंकि अधिकतर मोबाइल नंबर बैंक अकाउंट, आधार कार्ड और अन्य सरकारी सेवाओं से जुड़े होते हैं, इसलिए इस तरह की धोखाधड़ी से वित्तीय नुकसान उठाना पड़ सकता है.

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कैसे बचें इस तरह के फेक मैसेज से?

किसी भी अज्ञात नंबर पर कॉल न करें – अगर कोई संदिग्ध मैसेज मिले तो उसमें दिये गए नंबर पर बिल्कुल भी कॉल न करें.

BSNL की आधिकारिक वेबसाइट और कस्टमर केयर से संपर्क करें – अगर आपको अपने नंबर को लेकर कोई संदेह हो, तो सीधे BSNL के कस्टमर केयर नंबर 1800-345-1500 पर संपर्क करें.

किसी भी लिंक पर क्लिक करने से बचें – ऐसे मैसेज में अक्सर फेक लिंक दिये जाते हैं, जो आपको फर्जी वेबसाइट पर ले जाते हैं और आपकी जानकारी चुरा सकते हैं.

पीआईबी फैक्ट चेक से वेरिफाई करें – यदि आपको ऐसा कोई मैसेज मिलता है, तो factcheck@pib.gov.in पर मेल करके इसकी सत्यता की जांच कर सकते हैं.

सरकार और BSNL की आधिकारिक चेतावनी

भारत सरकार और बीएसएनएल ने स्पष्ट किया है कि कंपनी इस तरह के मैसेज नहीं भेजती है और ग्राहकों को किसी भी फर्जी नोटिस पर ध्यान नहीं देना चाहिए. यदि आपको सिम से जुड़ा कोई वैध मैसेज मिलता है, तो वह BSNL के आधिकारिक नंबरों से आएगा, न कि किसी अनजान मोबाइल नंबर से.

मैसेज पूरी तरह से फेक

BSNL ग्राहकों को मिले ‘24 घंटे में आपका सिम बंद होने वाला है’ जैसा कोई भी मैसेज पूरी तरह से फेक और ठगी का हिस्सा है. इस तरह के मैसेज से सतर्क रहें और किसी भी अनजान नंबर पर कॉल न करें. अपनी सुरक्षा के लिए आधिकारिक स्रोतों से जानकारी प्राप्त करें और संदेहास्पद मैसेज को पीआईबी फैक्ट चेक को भेजकर उसकी सच्चाई की पुष्टि करें.

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लेखक के बारे में

Author: Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

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