सिलीगुड़ी. सिलीगुड़ी में हत्या का सिलसिला जारी है. पांच दिनों में हत्या की पांच वारदातों से शहरवासी सहम उठे हैं. शुक्रवार को सिलीगुड़ी इलाके में दो अलग-अलग हत्याओं का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है. आज पहली वारदात सिलीगुड़ी से सटे न्यू जलपाईगुड़ी (एनजेपी) पुलिस चौकी इलाके के अंबिकानगर में सुबह घटित हुई.
इस घटना में कलयुगी बेटे ने अपने वृद्ध बाप की ही जान ले ली. सिरफिरा बेटा अपने बाप के पेट में दाव घोंप कर मौका-ए-वारदात से फरार हो गया. वृद्ध की मौत मौके पर ही हो गयी. सूचना पाते ही एनजेपी चौकी की पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुंची और मृतक का पंचनामा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज व अस्पताल भेज दिया.
पुलिस ने आज ही पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सौंप दिया. वृद्ध की शिनाख्त वैद्यमाल्य दास (70) के रूप में हुई है. वह पेशे से मछुआरे का पुश्तैनी काम करते थे. हत्यारा बेटा कमलमाल्य दास (24) मानसिक रूप बीमार था. वह कोई काम नहीं करता था. पड़ोसी रासमोहन देवनाथ के अनुसार, हत्या की वजह किसी को नहीं मालूम. वैद्यमाल्य जब जख्मी हालत में चित्कार कर रहे थे, तब लोगों को घटना की जानकारी मिली. तब-तक कमलमाल्य मौके से फरार हो चुका था. वैद्यमाल्य इन दिनों शारीरिक रूप से कमजोर हो चुके थे इसलिए वह मछली पकड़ने का काम नहीं करते थे. उनके इस पुश्तैनी धंधे को बड़ा बेटा संभाले हुए है. खबर लिखें जाने तक आरोपी कमलमाल्य को पुलिस नहीं पकड़ सकी. हत्या की इस वारदात से लोग उबर भी नहीं सके तब-तक दिन दोपहर एनजेपी चौकी के ही भारतनगर में एक और हत्या की घटना से लोग सहम उठे. पेशे से बिजली मिस्त्री कमल विश्वास (30) भारतनगर के मातृ सदन के पास अपने पैतृक घर के एक कमरे मृत पाया गया. कमल के गले और माथे पर चोट के गहरे निशान देख परिजन इसे हत्या का मामला करार दे रहे हैं, वहीं पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही खुलासा हो पायेगा की यह स्वाभाविक मौत है या फिर अस्वाभाविक. पुलिस ने मृतक का पंचनामा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज व अस्पताल भेज दिया. इस घटना को लेकर पड़ोसियों का कहना है कि कमल की अपने बड़े भाई के साथ नहीं बनती थी, इसलिए दोनों अलग-अलग रहते थे. कमल हमेशा शराब के नशे में रहता था. कल रात को भी वह शराब के नशे में घर आया. आज सुबह देर तक न उठने पर घरवाल कमरे का दरवाजा तोड़कर अंदर गए. उसे गहरी नींद में सोता देख किसी ने नहीं उठाया.
दोपहर तक उसके न जगने पर परिजनों को संदेह हुआ और उसके शरीर को छू कर देखा तो वह ठंडा पड़ा था. लोगों का कहना है कि शराब के लत की वजह से ही कमल के साथ घरवालों का हमेशा झगड़ा होते रहेता था. यहां उल्लेखनीय बात यह है कि शहर में पांच दिनों में सिलसिलेवार पांच हत्याओं के बाद पुलिस भी सकते में है. पहली वारदात मई दिवस यानी एक तारीख रविवार शाम को शहर के सेवक रोड में हार्डवेयर व्यापारी पिनाकी दत्त (44) सरेआम हत्या हुई. हत्या की दूसरी घटना तीन मई यानी मंगलवार को उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में दिन के 11 बजे प्रिजनर्स सेल में इलाज रत सिरफिरे विचाराधीन कैदी निखिल राय (40) ने विचाराधीन एक अन्य कैदी उपेन बर्मन (72) के सिर पर स्लाइन की स्टेंड (लोहे का रड) कई बार वार कर हत्या कर दी.
तीसरी घटना चार मई यानी बुधवार को शहर के आसीघर पुलिस चौकी इलाके के तैलीपाड़ा में एक युवक विकास मंडल ने पड़ोस में रहनेवाले डेकोरेटर ओपेन दास के सीने में लोहे का रड घोंपकर सरेआम हत्या कर दी.
इस घटना में आरोपी विकास मंडल को पुलिस ने कल देर रात को प्रधाननगर थाना क्षेत्र के चंपासारी इलाके से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया.
