इसके पीछे मुख्य कारण यह है कि स्कूल छात्रों पर किसी को संदेह नहीं होता और इसी का फायदा ड्रग माफिया के लोग उठा रहे हैं. इस काम में शामिल करने के लिए बच्चों को दामी मोबाइल या फिर पैसे देने का लोभ दिया जाता है़ जिस छात्र को गिरफ्तार किया गया है,वह अफीम लेकर महदीपुर से आया था़ यह इलाका भारत-बांग्लादेश सीमा पर स्थित है़ आबकारी विभाग के सहायक अधीक्षक गौतम पाखरीन ने बताया है कि मामले की जांच की जा रही है़
अफीम के साथ नौवीं कक्षा का छात्र गिरफ्तार
मालदा़ करीब साढ़ किलो अफीम के साथ जिला आबकारी विभाग के अधिकारियों ने नौवीं कक्षा के एक छात्र को धर दबोचा है़ मंगलवार की रात को गुप्त सूचना के आधार पर उसे मालदा शहर के रथबाड़ी स्टैंड इलाके से पकड़ा गया़ उसका नाम बापी मंडल है और वह इंगलिश बाजार थाना के महदीपुर गांव का […]

मालदा़ करीब साढ़ किलो अफीम के साथ जिला आबकारी विभाग के अधिकारियों ने नौवीं कक्षा के एक छात्र को धर दबोचा है़ मंगलवार की रात को गुप्त सूचना के आधार पर उसे मालदा शहर के रथबाड़ी स्टैंड इलाके से पकड़ा गया़ उसका नाम बापी मंडल है और वह इंगलिश बाजार थाना के महदीपुर गांव का रहने वाला है़ नाबालिग होने की वजह से जुबेनाइल कोर्ट में उसकी पेशी हुयी़ पूछताछ कि लिए आबकारी विभाग ने उसके रिमांड की मांग की है़ आबकारी विभाग सूत्रों ने आगे बताया कि छात्र के बैग में प्लस्टिक में अफीम को लपेट कर रखा गया था़ बरामद अफीम की कीमत करीब दो लाख रूपये है़.अधिकारियों का कहना है कि ड्रग माफिया के लोग पैसे का लोभ देकर अब बच्चों को इस धंधे में शामिल कर रहे हैं.