ममता बनर्जी के समर्थकों को चुन-चुन कर बनाया जा रहा निशाना, शुभेंदु सरकार पर कुणाल घोष का आरोप

WB Politics: पश्चिम बंगाल में सियासी घमासान के बीच तृणमूल कांग्रेस के नेता कुणाल घोष ने बड़ा आरोप लगाया है. घोष का दावा है कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की पुलिस जान-बूझकर ममता बनर्जी के वफादार नेताओं और समर्थकों को निशाना बना रही है. पढ़ें पूरी रिपोर्ट.

WB Politics: पश्चिम बंगाल में राजनीतिक दंगल थमने का नाम नहीं ले रहा. तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रवक्ता कुणाल घोष (Kunal Ghosh) ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर गंभीर आरोप लगाये हैं. कुणाल घोष ने कहा है कि राज्य में सत्ता परिवर्तन के बाद से जान-बूझकर और चुन-चुनकर उन नेताओं-कार्यकर्ताओं को निशाना बनाया जा रहा है, जो आज भी ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) के प्रति वफादार हैं.

ममता के करीबी को डराने के लिए पुलिस का दुरुपयोग : घोष

कुणाल घोष ने कहा कि शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाला प्रशासन राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से काम कर रहा है. जो विधायक और सांसद टीएमसी के बागी गुट में नहीं गये, उनके क्षेत्रों में पुलिस बेवजह छापेमारी कर रही है. कुणाल घोष के मुताबिक, यह सब ममता बनर्जी के जमीनी नेटवर्क को कमजोर करने और उनके समर्थकों में डर का माहौल पैदा करने के लिए किया जा रहा है.

WB Politics: डोला सेन की शिकायत का किया समर्थन

घोष ने राज्यसभा सांसद डोला सेन द्वारा बागी गुट के खिलाफ दर्ज करायी गयी धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े की शिकायत का पुरजोर समर्थन किया. कहा कि जो 20 सांसद ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी की लोकप्रियता के दम पर चुनाव जीते, उन्होंने संसद पहुंचते ही पाला बदल लिया. अब वे लोग कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए त्रिपुरा की पार्टी एनसीपीआई (NCPI) में विलय का नाटक रच रहे हैं. कुणाल ने कहा कि ऐसे धोखेबाजों को जनता कभी माफ नहीं करेगी.

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शुभेंदु अधिकारी सरकार ने किया पलटवार

कुणाल घोष के आरोपों पर मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और भाजपा खेमे ने कुणाल घोष के आरोपों पर पलटवार किया. भाजपा ने इन आरोपों को पूरी तरह से मनगढ़ंत और हास्यास्पद बताया. भाजपा के मुख्य प्रवक्ता देवजीत सरकार ने कहा कि पूर्व बर्धमान के राईना या हावड़ा में बागनान जैसी जगहों पर जो भी गिरफ्तारियां हुई हैं, वे रंगदारी, कट मनी और हत्या जैसे गंभीर आपराधिक मामलों में हुई हैं. राज्य में कानून का राज स्थापित हो चुका है. अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई को राजनीतिक चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए.

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By Mithilesh Jha

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