School Building Collapsed West Bengal: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के तारातला में एक निर्माणाधीन गोदाम का छज्जा गिरने के अगले ही दिन हुगली जिले में एक निर्माणाधीन स्कूल भवन का हिस्सा ढह गया. घटना पुरसुरा प्रखंड के श्रीरामपुर का है. यहां कैलाशचंद्र साधुखां हाई स्कूल में एक निर्माणाधीन भवन का हिस्सा अचानक ढह जाने से इलाके में हड़कंप मच गया. निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही दीवार ढहने के बाद भवन निर्माण की गुणवत्ता, प्रशासनिक निगरानी और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.
घटिया निर्माण सामग्री के इस्तेमाल का आरोप
स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं है. लंबे समय से चल रही अनियमितताओं का नतीजा है. ग्रामीणों ने शुरू से ही निर्माण में इस्तेमाल हो रही बालू, सीमेंट और ईंट की गुणवत्ता पर सवाल उठाये थे. बार-बार शिकायत के बावजूद अधिकारियों ने इस पर ध्यान नहीं दिया, जिसकी वजह से हादसा हुआ है. क्षेत्र के लोगों ने भविष्य में यहां पढ़ने वाले छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा को लेकर चिंता जतायी है.
भाजपा ने की जांच की मांग, स्कूल प्रबंधन भी असंतुष्ट
स्कूल भवन का एक हिस्सा गिरने के बाद राजनीतिक सरगर्मी भी तेज हो गयी है. भाजपा नेता और पंचायत सदस्य शुभंकर चक्रवर्ती और संदीप जाना ने आरोप लगाया कि परियोजना के टेंडर से लेकर निर्माण कार्य तक बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ है. उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है. स्कूल प्रबंधन ने भी निर्माण की गुणवत्ता पर असंतोष जताते हुए कहा कि संबंधित अभियंताओं को पहले ही शिकायतों से अवगत कराया गया था, लेकिन उन्होंने इसे गंभीरता से नहीं लिया.
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School Building Collapsed West Bengal: स्वतंत्र तकनीकी जांच और वित्तीय ऑडिट की मांग
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि पूरे मामले की स्वतंत्र तकनीकी जांच, निर्माण सामग्री की लैब टेस्टिंग और परियोजना का वित्तीय ऑडिट हो. घटना के बाद इस मामले में बीडीओ के हस्तक्षेप की मांग उठी है. अब देखना होगा कि प्रशासन इस लापरवाही और भ्रष्टाचार के आरोपों पर क्या कदम उठाता है.
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