चुंचुड़ा में पार्किंग योजना पर छिड़ा राजनीतिक विवाद

चुंचुड़ा नगरपालिका द्वारा शहर में शुरू की गयी नयी पार्किंग व्यवस्था को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है.

भाजपा ने बताया जनता पर बोझ, चेयरमैन बोले- ट्रैफिक नियंत्रण के लिए जरूरी

प्रतिनिधि, हुगली.

चुंचुड़ा नगरपालिका द्वारा शहर में शुरू की गयी नयी पार्किंग व्यवस्था को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है. जहां भाजपा ने इसे आम जनता पर जबरन आर्थिक बोझ डालने वाला कदम बताया है, वहीं नगरपालिका प्रशासन का कहना है कि यह योजना शहर को ट्रैफिक जाम से मुक्त कराने के लिए आवश्यक है. चुंचुड़ा शहर में जिलाधिकारी कार्यालय, जिला न्यायालय, सरकारी अस्पताल, चंदननगर पुलिस कमिश्नरेट, खाद्य भवन, बैंक, स्कूल और कॉलेज जैसी तमाम संस्थाएं स्थित हैं. लेकिन यहां अब तक कोई सार्वजनिक पार्किंग नहीं थी. लोग अपनी बाइक और कारें सड़क किनारे खड़ी कर देते थे, जिससे यातायात बुरी तरह प्रभावित होता था. इसके अलावा टोटो (ई-रिक्शा) का अतिक्रमण भी समस्या को और बढ़ा रहा था.

चार जगहों पर शुरू हुई पार्किंग, तय हुआ शुल्क : नगरपालिका ने अचानक टेंडर जारी कर शहर के चार स्थानों पर पार्किंग शुरू कर दी है. इसके तहत बाइक के लिए पूरे दिन का शुल्क 10 रुपये, कार के लिए प्रति घंटा 20 रुपये और बड़ी गाड़ियों के लिए प्रति घंटा 25 रुपये निर्धारित किया गया है. भाजपा की ओर से हुगली जिला महासचिव सुरेश साव ने आरोप लगाया कि नगरपालिका गंभीर आर्थिक संकट में है. कर्मचारियों को वेतन और पेंशनधारकों को समय पर पेंशन नहीं मिल रही है. संविदा कर्मी मजदूरी बढ़ोतरी की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं. ऐसे में आम लोगों से वसूली कर प्रशासन अपनी नाकामी छुपाने की कोशिश कर रहा है.

चेयरमैन का पक्ष : नगरपालिका के चेयरमैन अमित राय ने भाजपा के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह योजना सिर्फ सालाना तीन लाख रुपये की आमदनी के लिए नहीं, बल्कि शहर को ट्रैफिक जाम से निजात दिलाने के लिए शुरू की गयी है. उन्होंने कहा कि अब स्कूलों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में दिन भर खड़ी रहने वाली कारों पर रोक लगेगी. पार्किंग चार्ज नहीं देने वालों को गाड़ी हटानी पड़ेगी.

फ्री कूपन और प्रतिक्रिया : पार्किंग टेंडरधारी आकाश हालदार के अनुसार, मैदान में बैठने या घूमने के लिए आने वाले लोगों को फ्री पार्किंग कूपन दिये जा रहे हैं और शुल्क नगरपालिका की तय शर्तों के अनुरूप ही वसूला जा रहा है. शहर के कुछ लोगों ने इस योजना को सहूलियत भरा बताया है, लेकिन कई वाहन चालक, खासकर कामकाज के लिए शहर में आने वाले लोग, इसे परेशानी की वजह मान रहे हैं. नगरपालिका के इस कदम पर शहर में मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है.

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Published by: Subodh kumar singh

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