अभिषेक बनर्जी को आगे बढ़ाने के चक्कर में शुभेंदु को नहीं मिला सम्मान, बोले पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी

Partha Chatterjee on Abhishek Banerjee: पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी ने तृणमूल कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व पर हमला बोला है. उन्होंने दावा किया है कि अभिषेक बनर्जी को बढ़ावा देने से पार्टी का संगठनात्मक पतन शुरू हो गया. चटर्जी ने शुभेंदु अधिकारी जैसे नेताओं की उपेक्षा का भी जिक्र किया.

Partha Chatterjee on Abhishek Banerjee: पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस की हार और उसके बाद पार्टी में जारी टूट के बीच पूर्व शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी ने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व पर हमला बोला है. एक निजी चैनल में बातचीत में उन्होंने दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस के पतन की शुरुआत उसी दिन हो गयी थी, जब ममता बनर्जी ने अभिषेक बनर्जी को आगे बढ़ाना शुरू किया. उन्होंने यह भी कहा कि अभिषेक को स्थापित करने की प्रक्रिया में शुभेंदु अधिकारी जैसे नेताओं को उचित सम्मान नहीं दिया गया.

यदि अभिषेक बनर्जी को पार्टी में ‘बाघ’ बताया जा रहा है, तो फिर बाकी नेताओं की स्थिति क्या रह जाती है? अगर अभिषेक बाघ हैं, तो यह कहना गलत नहीं होगा कि बाघ के डर और अत्याचार से बाकी बिल्लियां भाग गयीं. - पार्थ चटर्जी, तृणमूल नेता

कभी तृणमूल में दूसरे नंबर के नेता थे पार्थ चटर्जी

एक समय तृणमूल में नंबर दो माने जाने वाले पार्थ चटर्जी ने कहा कि आज जो नेता पार्टी छोड़ रहे हैं, उन सभी को गद्दार कहना सही नहीं होगा. उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के हालिया बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि अभिषेक को ‘बाघ’ कहा जा रहा है, तो बाकी नेताओं को क्या माना जायेगा. उनके शब्दों में- अगर अभिषेक बाघ हैं, तो कहना होगा कि बाघ के अत्याचार से बाकी बिल्लियां भाग गयीं.

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‘अभिषेक की वजह से चुनाव हारी तृणमूल कांग्रेस’

पार्थ चटर्जी ने कहा कि जिस दिन से अभिषेक को संगठन में प्रमुखता मिलनी शुरू हुई, उसी दिन से तृणमूल के संगठनात्मक पतन की प्रक्रिया शुरू हो गयी थी. उन्होंने आरोप लगाया कि बाद के वर्षों में पार्टी आम लोगों से कटती चली गयी और वर्ष 2026 के विधानसभा चुनाव में मिली हार उसी का परिणाम है.

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By Mithilesh Jha

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