Mamata Banerjee North 24 Parganas Rally| कोलकाता, अमित शर्मा : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के घमासान के बीच मुख्यमंत्री और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने गुरुवार को उत्तर 24 परगना के हाड़ोआ, बनगांव, हाबरा और मिनाखां में धुआंधार रैलियां कीं. इन सभाओं में ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को आड़े हाथ लिया. उन्होंने लोकतंत्र की तुलना ‘चैत्र सेल’ (सस्ते बाजार) से कर दी. ममता ने आरोप लगाया कि भाजपा देश के संवैधानिक ढांचे और लोकतंत्र का सौदा कर रही है, जिसे पश्चिम बंगाल की जनता कभी माफ नहीं करेगी.
1.2 करोड़ में से मात्र 32 लाख नाम ही क्यों?
ममता बनर्जी ने मतदाता सूची में धांधली का मुद्दा उठाते हुए गंभीर सवाल खड़े किये. उन्होंने कहा कि 1.2 करोड़ मतदाताओं में से केवल 32 लाख नाम ही बचाये जा सके हैं. यह भी इसलिए हुआ, क्योंकि हमने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया. पहले चरण में ही 58 लाख लोगों के नाम काट दिये गये थे. 27 लाख लोग अब भी अधर (Under Adjudication) में हैं. उन्होंने मिशनरीज ऑफ चैरिटी और बेलूड़ मठ जैसी संस्थाओं के लोगों के नाम सूची से गायब होने पर भी हैरानी जतायी. इसे लोकतंत्र के लिए खतरा बताया.
भाजपा पर भरोसा करना गोखरो सांप जैसा : ममता
सांप्रदायिक राजनीति पर प्रहार करते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि भाजपा पर भरोसा करना ‘गोखरो सांप’ (किंग कोबरा) पर भरोसा करने जैसा है. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आते ही भाजपा हिंदू-मुस्लिम का मुद्दा छेड़कर समाज को बांटने लगती है. उन्होंने माकपा (CPM) और कांग्रेस पर भी हमला बोला. ममता ने कहा कि ये तीनों दल अंदरखाने मिले हुए हैं, ताकि टीएमसी को नुकसान पहुंचाया जा सके.
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बाहर बंगालियों का उत्पीड़न, यहां मांग रहे वोट
बंगाल की चीफ मिनिस्टर ममता बनर्जी ने अन्य राज्यों में बंगालियों के साथ हो रहे कथित दुर्व्यवहार का मुद्दा भी उठाया. उन्होंने दावा किया कि डबल इंजन वाली सरकारों के राज्यों में बंगाली भाषा बोलने वालों को परेशान किया जा रहा है. उनका होटलों में रुकना तक दूभर हो गया है. उन्होंने सवाल किया कि जो लोग बाहर बंगालियों को प्रताड़ित करते हैं, वे किस मुंह से यहां वोट मांगने आ रहे हैं?
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हिल्सा और आत्मनिर्भर बंगाल
प्रधानमंत्री मोदी के मछली उत्पादन वाले बयान का जवाब देते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि बंगाल अब मछली के क्षेत्र में आत्मनिर्भर है. डायमंड हार्बर में हो रहे रिसर्च के कारण अब हिल्सा के लिए हमें बांग्लादेश या अन्य राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता. उन्होंने मछुआरों को दी जा रही सरकारी सुविधाओं का भी जिक्र किया.
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केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग पर चेतावनी
ममता बनर्जी ने ईडी और सीबीआई की कार्रवाई को पूरी तरह राजनीतिक बताया. उन्होंने कहा- एजेंसियां केवल टीएमसी नेताओं के घर जाती हैं, भाजपा वालों के नहीं. मैं जानती हूं कि किन बड़े उद्योगपतियों के साथ किन नेताओं के नाम जुड़े हैं, समय आने पर मैं सब उजागर कर दूंगी. उन्होंने कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर जनसंपर्क बढ़ाने की अपील की और विश्वास जताया कि बंगाल की जनता अधिकारों की रक्षा के लिए फिर से तृणमूल की सरकार बनायेगी.
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