मुख्य बातें
PM Modi Rally: आसनसोल. भाजपा ने तृणमूल कांग्रेस पर पीएम मोदी की सभा में लोगों को आने से रोकने का आरोप लगाया है. कुल्टी विधानसभा क्षेत्र से हजारों कार्यकर्ताओं को प्रधानमंत्री की सभा में लाने के लिए भाजपा ने करीब 200 बसों को बुक किया था. भाजपा का आरोप है कि तृणमूल के दबाव में उस बुकिंग को रद्द कर दिया गया है. पश्चिम बर्धमान जिला भाजपा के महासचिव केशव पोद्दार ने कहा कि बस मालिकों को न केवल बुकिंग रद्द करने के लिए मजबूर किया गया, बल्कि उनसे एडवांस राशि भी वापस करायी गयी. यह देखना अहम होगा कि इन विवादों के बीच सभा में कितनी भीड़ जुटती है और इसका आगामी चुनावी समीकरणों पर क्या असर पड़ता है.
बस मालिकों को दी धमकी
केशव पोद्दार ने इसे प्रतिहिंसा की राजनीति बताते हुए कहा कि कुल्टी में इस तरह की स्थिति पहले कभी नहीं देखी गयी. उन्होंने आरोप लगाया कि तृणमूल से जुड़े श्रमिक संगठनों ने बस मालिकों को धमकी दी कि यदि उन्होंने भाजपा समर्थकों को पीएम की सभा में ले जाने के लिए बसें दीं, तो उनके वाहनों को खड़ा करा दिया जाएगा और आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा. यह सिर्फ बसों की बुकिंग कैंसिल करने का मामला नहीं है, बल्कि लोगों को उनके लोकतांत्रिक अधिकारों से वंचित करने की भी कोशिश है. कुल्टी की जनता इसका जवाब जरूर देगी.
भाजपा के सभी आरोप निराधार
आइएनटीटीयूसी आसनसोल महकमा ट्रांसपोर्ट यूनियन के नेता राजू अहलुवालिया ने कहा कि ये सभी आरोप निराधार और राजनीतिक रूप से प्रेरित हैं. जिन बसों की बात की जा रही है, वे अधिकतर तृणमूल से जुड़े यूनियनों द्वारा संचालित हैं और वे किसी अन्य पार्टी की सभा में हिस्सा लेने के लिए बाध्य नहीं हैं. अहलुवालिया ने पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा की जमीनी संगठनात्मक कमजोरी ही इस तरह के आरोपों की वजह है. उन्होंने कहा कि अगर पार्टी मजबूत होती, तो उसे ऐसी समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ता.
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नरेंद्र मोदी की सभा पर नहीं पड़ेगा कोई असर
भाजपा नेता व आसनसोल नॉर्थ सीट के उम्मीदवार कृषनेन्दु मुखर्जी ने कहा कि कुछ इलाकों में बस बुकिंग रद्द होने की जानकारी मिली है. बस मालिकों को डराया-धमकाया गया और चेतावनी दी गई कि अगर उन्होंने बसें दीं तो उनके वाहनों को कई दिनों तक खड़ा कर दिया जाएगा. हालांकि, उन्होंने भरोसा जताया कि इन सबके बावजूद नरेंद्र मोदी की सभा पर कोई असर नहीं पड़ेगा और बड़ी संख्या में लोग इसमें शामिल होंगे. पीएम मोदी की लोकप्रियता ही भीड़ जुटाने के लिए काफी है. अब सभी की निगाहें गुरुवार को होने वाली प्रधानमंत्री की सभा पर टिकी हैं.
