सत्ता परिवर्तन की लड़ाई निर्णायक मोड़ पर, यह चुनाव हमें जीतना ही होगा, बोले शमिक भट्टाचार्य

Bengal Chunav 2026: पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी ने वर्ष 2026 के चुनाव के लिए कमर कस ली है. पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने नये साल के पहले दिन नेताओं और कार्यकर्ताओं को स्पष्ट संदेश दिया कि पार्टी सत्ता परिवर्तन की लड़ाई में निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुकी है. इस बार का चुनाव भाजपा को जीतना ही होगा. अगर ऐसा नहीं हुआ, तो आगे राजनीति करना मुश्किल हो जायेगा.

Bengal Chunav 2026: पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन करने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने विधानसभा चुनाव 2026 में पूरी ताकत झोंकने का संकेत दे दिये हैं. प्रदेश भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को भावनात्मक संदेश देते हुए कहा कि सत्ता परिवर्तन की लड़ाई अब निर्णायक मोड़ पर है. यह चुनाव भाजपा को हर हाल में जीतना होगा.

इस बार सत्ता में नहीं आये, तो राजनीति करना होगा कठिन – भट्टाचार्य

शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि यदि इस बार भाजपा सत्ता में नहीं आती है, तो बंगाल में पार्टी का राजनीति करना कठिन हो जायेगा. शमिक भट्टाचार्य ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे चुनावी मैदान में पूरी ऊर्जा और प्रतिबद्धता के साथ उतरें. उन्होंने पार्टी के लगभग 8 दशक पुराने इतिहास को याद करते हुए कहा कि बंगाल में तपन सिकदर से लेकर गुणमान चटर्जी तक और राहुल सिन्हा से लेकर दिलीप घोष तक कई ऐसे नेता हुए, जिन्होंने बिना किसी स्वार्थ के लंबे समय तक पार्टी के लिए संघर्ष किया.

शमिक भट्टाचार्य ने तपन सिकदर और गुणमान चटर्जी को किया याद

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि तपन सिकदर और गुणमान चटर्जी को पता था कि जीत आसान नहीं है, फिर भी उन्होंने विचारों और सिद्धांतों के साथ संघर्ष जारी रखा. शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि आज के कार्यकर्ताओं को भी उसी समर्पण और त्याग की भावना के साथ आगे आना होगा.

बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

शमिक भट्टाचार्य ने तृणमूल सरकार पर बोला हमला

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली बंगाल की तृणमूल कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला. कहा कि बंगाल में उद्योग-धंधे ठप हो चुके हैं, भ्रष्टाचार चरम पर है. कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गयी है. उन्होंने आरोप लगाया कि तुष्टीकरण की राजनीति के कारण राज्य के मूल निवासियों के अधिकार लगातार छीने जा रहे हैं. शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि आम जनता बदलाव चाहती है और अब असली सवाल यह है कि भाजपा उस भरोसे पर कितनी मजबूती से खरी उतरती है.

Bengal Chunav 2026: मुर्शिदाबाद में हिंदुओं पर हिंसा का मुद्दा भी उठाया

शमिक भट्टाचार्य ने बांग्लादेश से सटे मुर्शिदाबाद में हिंदुओं पर हो रही हिंसा और हत्याओं का मुद्दा भी उठाया. शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि जब तक बंगाल में भाजपा की सरकार नहीं बनेगी, तब तक देश की जीत अधूरी रहेगी. उनके अनुसार, बंगाल केवल एक राज्य नहीं, बल्कि पूरे देश की राजनीति की दिशा तय करने वाला क्षेत्र है.

जमीन पर उतरकर लड़नी होगी निर्णायक लड़ाई

अपने संदेश के अंत में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने दावा किया कि वर्ष 2026 में ममता बनर्जी सरकार का पतन तय है और राज्य में भाजपा की सरकार बनेगी. उन्होंने कार्यकर्ताओं से स्पष्ट कहा कि अब किसी भी तरह की ढीलाई की कोई गुंजाइश नहीं है. पूरी ताकत के साथ जमीन पर उतरकर निर्णायक लड़ाई लड़नी होगी.

इसे भी पढ़ें

‘दुष्ट ताकतों’ के आगे नहीं झुकेंगे, टीएमसी स्थापना दिवस पर ममता बनर्जी का संकल्प

विधानसभा चुनाव 2026 से पहले पीएम मोदी बंगाल और असम को देंगे स्लीपर वंदे भारत की सौगात

बंगाल चुनाव 2026: भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य से दिलीप घोष की मुलाकात से राजनीतिक हलचल तेज

नंदीग्राम में शुभेंदु अधिकारी के कार्यक्रम से लौट रहे भाजपा नेता पर हमले का आरोप, टीएमसी-बीजेपी आमने-सामने

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लंबा अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं.

अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है.

वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं.

भौगोलिक विशेषज्ञता : वर्तमान में उनका फोकस पश्चिम बंगाल है. उन्होंने झारखंड, छत्तीसगढ़ और ओडिशा की खबरों पर भी काम किया है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है.

मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :-

राज्य की राजनीति और शासन : वर्पतमान में श्चिम बंगाल की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज.

सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग.

जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित रिपोर्टिंग.

डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है.

विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर पत्रकारिता, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव और तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >