टैक्सी हड़ताल से यात्री बेहाल

कोलकाता : ट्रैफिक पुलिस के जुल्म के खिलाफ टैक्सियों के चालक व मालिक मंगलवार 24 घंटे की हड़ताल पर रहे. हड़ताल के समर्थन में सुबोध मल्लिक स्कवायर से रैली निकली, जो लालबाजार कोलकाता पुलिस मुख्यालय के समीप समाप्त हुई. हड़ताल का आह्वान एटक (एआइटीयूसी) समर्थित वेस्ट बंगाल टैक्सी ऑपरेटर्स को-ऑर्डिनेशन कमेटी की ओर से किया […]

कोलकाता : ट्रैफिक पुलिस के जुल्म के खिलाफ टैक्सियों के चालक व मालिक मंगलवार 24 घंटे की हड़ताल पर रहे. हड़ताल के समर्थन में सुबोध मल्लिक स्कवायर से रैली निकली, जो लालबाजार कोलकाता पुलिस मुख्यालय के समीप समाप्त हुई.

हड़ताल का आह्वान एटक (एआइटीयूसी) समर्थित वेस्ट बंगाल टैक्सी ऑपरेटर्स को-ऑर्डिनेशन कमेटी की ओर से किया गया था. हड़ताल के कारण महानगर में सड़कों पर टैक्सी की संख्या बेहद कमी रही, जिसके कारण दफ्तर जानेवाले लोगों, रेलवे स्टेशन और हवाई अड्डे पर लंबी दूरी तय करनेवाले यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ा. उधर, एप कैब भी 48 घंटे की हड़ताल पर रहे.
मंगलवार उनकी हड़ताल का दूसरा दिन था. कैब व टैक्सी परिसेवा ठप रहने के कारण यातायात व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गयी. इस कारण बस, ट्राम और मेट्रो में भीड़ बढ़ गयी. हड़ताल की वजह से दमदम एयरपोर्ट और दो प्रमुख रेलवे स्टेशनों हावड़ा व सियालदह स्टेशन के बाहर प्रीपेड टैक्सी बूथ व ओला बुकिंग प्वाइंट सुनसान रहे. सियालदह प्रीपेड टैक्सी बूथ पर कोई टैक्सी नहीं थी. यात्री कतार में खड़े होकर टैक्सी के लिए इंतजार कर रहे थे.
सियालदह स्टेशन पर अपने परिवार के साथ इंतजार कर रहे देवाशीष पाल ने कहा कि बस वाले भारी बैग ढोने से इनकार कर रहे हैं. पूरा परिवार मेरे साथ है. घर जाने के लिए न तो टैक्सी और न ही ओला-उबर मिल रही हैं.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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