कोलकाता : सीएम ममता बनर्जी के भतीजे व तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी ने मंगलवार को कहा है कि देश के प्रत्येक परिवार से एक जवान को सेना में भर्ती होना चाहिए.
डायमंड हार्बर के सांसद ने कहा कि बीते वर्षों में हम सशस्त्र बलों में भारत के प्रत्येक घर से एक सदस्य की भागीदारी के संबंध में अनौपचारिक चर्चा करते रहे हैं. मेरा मानना है कि अब वह समय आ गया है, जब विधायिका को इस मुद्दे पर संज्ञान लेना चाहिए. अभिषेक ने अपने ट्वीट में कहा कि हमारे जवान हमारी सीमाओं को सुरक्षित रखते हैं.
वे अपने जीवन का बलिदान देते हैं, ताकि हम सुरक्षित रह सकें. बुलेट ट्रेन से पहले हमें अपने जवानों के लिए बुलेट प्रूफ जैकेट चाहिए. आज वह समय है, जब हमें अपने जवानों के साथ दृढ़ता से खड़ा होना पड़ेगा. गौरतलब है कि 14 फरवरी को पुलवामा में हुए आतंकी हमले के बाद सोशल मीडिया पर इजरायल के फॉर्मूले की जमकर चर्चा हो रही है. दरअसल, इजरायल में 18 साल की उम्र पार करने के बाद हर नागरिक को अनिवार्य रूप से सेना में काम करना होता है. हालांकि, अरब नागरिकों, दिव्यांगों, धार्मिक सेवारत और मनोरोगियों को इस नियम में छूट मिलती है.
पुलवामा हमले के बाद सोशल मीडिया पर मांग की जा रही है कि भारत में भी हर परिवार के एक व्यक्ति को अनिवार्य रूप से सेना में सर्विस का मौका दिया जाये. इसी बात को तृणमूल सांसद ने भी दोहराया है. अभिषेक ने सांसद के तौर पर मिलनेवाले अपने तीन महीने के वेतन को सेना के लिए दान करने की घोषणा भी की है. उन्होंने कहा है कि हालांकि यह योगदान काफी कम है, लेकिन बूंद-बूंद से ही तालाब भरता है.
