कोलकाता : कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने खुदरा व्यवसाय में एफडीआइ निवेश और वॉलमार्ट-फ्लिपकार्ट के समझौते के खिलाफ 28 सितंबर को भारत बंद का आह्वान किया है. कैट के पश्चिम बंगाल चैप्टर की ओर से मंगलवार को कलकत्ता इलेक्ट्रिक ट्रेडर्स एसोसिएशन (सीटा) के दफ्तर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी गयी.
कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीसी भाटिया ने बताया कि खुदरा व्यवसाय में प्रत्यक्ष विदेशी पूंजी निवेश से छोटे व खुदरा व्यवसायियों को काफी नुकसान हो रहा है. इसीलिए, सरकार की इस नीतित के खिलाफ 28 सितंबर को पूरे भारत में विभिन्न खुदरा व्यवसाय संगठन से जुड़े करीब सात करोड़ खुदरा व्यवसायी हड़ताल पर रहेंगे. सिर्फ बंगाल में संगठन के साथ जुड़े 40 लाख के करीब खुदरा व्यवसायी आंदोलन पर रहेंगे. उन्होंने कहा कि वॉलमार्ट-फ्लिपकार्ट के समझौते से भी छोटे व्यवसायियों को अधिक नुकसान हो रहा है.
निकाला मशाल जुलूस
बंद से पहले 26 सितंबर को मसाल जुलूस निकाला जायेगा. 27 को विभिन्न बाजारों में रैली निकाली जायेगी. 28 को विभिन्न राज्यों में जिला स्तर पर संगठन की ओर से डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर दफ्तर के पास धरना प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन सौंपा जायेगा. राष्ट्रीय महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि पहली बार खुदरा व्यवसायी अपनी रोजी-रोटी के लिए बड़े स्तर पर वृहद हड़ताल कर रहे है.
कैट के बंगाल चैप्टर के अध्यक्ष कमल जैन, महासचिव रवि शंकर राय (राजा राय), सीटा के अध्यक्ष अरविंद डागा, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट ब्रिजमोहन अग्रवाल, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एचआर कपूर, सीटा के पूर्व सचिव मुकेश सिंहा समेत अन्य कई सक्रिय सदस्यगण मौजूद थे.
