इलाज में लापरवाही होने पर अस्पताल प्रबंधन ने 55 हजार रुपये मुआवजा दिया

मृत महिला के पति अमर रुईदास ने बताया की मेरी पत्नी आग में 25 दिन पहले जली थी.

पांडवेश्वर. पांडवेश्वर थाना क्षेत्र के हरिपुर सीबी क्यूर अस्पताल में गलत इलाज से हुई महिला की मौत की घटना के बाद रात दिन कशमकश के बाद अस्पताल प्रबंधन ने मृतक महिला संपा रुईदास के परिजनों को 55 हजार रुपये का मुआवजा दिया. मृत महिला के पति अमर रुईदास ने बताया की मेरी पत्नी आग में 25 दिन पहले जली थी. 18 दिन बर्दवान मेडिकल कॉलेज में इलाज चलने के बाद छुट्टी कराकर घर लाया, उसके बाद देखभाल और जख्म पर मरहम पट्टी कराने के लिए हरिपुर सीबी केयर अस्पताल में दाखिल कराया, लेकिन गलत इलाज और अस्पताल की लापरवाही के कारण मेरी पत्नी की मौत हुई, मेरा एक डेढ वर्ष की बेटी है, उसके लिए मुआवजे की मांग किया पहले जब सड़क जाम किया, तो पुलिस ने सड़क जाम यह कहकर हटा दिया की आप लोग अस्पताल प्रबंधन से बात किजिए, प्रबंधन ने 25 हजार रुपये दे रहा था हम लोग 25 हजार लेने से मना कर दिया देर शाम होने के चलते हमलोग शव को अस्पताल परिसर में ही छोड़ दिया ताकि दूसरे दिन अपनी मांगों को मनवा सकें, लेकिन पांडवेश्वर पुलिस ने शव को जोर जबरदस्ती हमलोगों के गैर हाजिर में शव को दुर्गापुर अनुमंडल अस्पताल में भेज दिया. बिना किसी जानकारी के सुबह जब अस्पताल पहुंचे तो पता चला शव अस्पताल में नहीं है, जब पांडवेश्वर थाना पुलिस से पूछा तो पुलिस ने बताया शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिये हैं दुर्गापुर, आप लोग जाओ. उन्होंने कहा हमलोग बीरभूम जिला के भीमगढ का रहने वाले हैं राजनितिक समर्थन नहीं रहने के कारण पुलिस भी हमलोगों का सपोर्ट नहीं किया, यही वजह है की शव को बिना किसी निर्णय के ही पुलिस ने अस्पताल से हटाया. उसके बाद अस्पताल प्रबंधन ने जो दिया वह मजबूरन लेना पड़ा.

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By GANESH MAHTO

GANESH MAHTO is a contributor at Prabhat Khabar.

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