मोर्चाबंदी. आसनसोल स्टेशन परिसर से हटाये गये फल बिक्रेता
आसनसोल : बिना लाइसेंस के स्टेशन परिसर एवं विभिन्न ट्रेनों में हॉकरी पर लगाये गये प्रतिबंध के विरोध में भाजपा ने नये सिरे से मोर्चा संभाला.
आसनसोल रेल स्टेशन पर हॉकरी करने वाले 29 फल विक्रेताओं को हटाये जाने के विरोध तथा अन्य हॉकरों को जीविकोपाजर्न के लिए अनुमति देने की मांग के समर्थन में भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष कृष्णा भटटाचार्या, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य सुरेंद्र नाथ लाम्बा, वार्ड 21 के भाजपा पार्षद इमान्यूूल व्हीलर के नेतृत्व में बुधवार को स्टेशन परिसर से जुलूस निकाला गया.
जुलूस फल विक्रेता हॉकरों के गोडाउन से होते हुए आसनसोल स्टेशन, 13 नंबर मोड़ से आसनसोल मंडल कार्यालय के समक्ष पहुंचा. प्रदर्शनकारी बड़ी संख्या में भाजपा के झंड़े ले रखे थे. जम कर नारेबाजी की गयी. प्रदर्शनकारियों के शिष्टमंडल ने सीनियर मंडल वाणिज्यिक प्रबंधक आशुतोष उपाध्याय को मांगों से संबंधित ज्ञापन दिया.
शिष्टमंडल ने अपनी समस्या वरीय डीसीएम के समक्ष रखते हुए कहा कि रेल स्टेशन में वर्ष 1985 से फल बेच कर परिवार का गुजारा कर रहे हैं. प्रतिदिन बमुश्किल 90 से 100 रूपये की कमाई हो पाती है. इसी से पूरे परिवार का पालन-पोषण होता है. फल बेचने वाले रजिस्टर्ड हॉकरों को भी बेवजह परेशान किया जा रहा है. हॉकरों को स्टेशन परिसर में हॉकरी करने से रोका जा रहा है. विगत दिन हॉकर रवि शंकर झा को आरपीएफ की टीम ने रेल स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया.
उन्हें 1200 रू पये का जुर्माना देना पड़ा. गरीब हॉकरों को स्टेशन परिसर से हटने को कहा जा रहा है. हॉकरों के परिवार वालों को खाने के लाले पड़े हैं. रोजगार की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है. व्यवसाय करने के लिए बड़ी राशि भी नहीं है. चिंतित हैं कि कैसे दो वक्त की रोटी कमा कर परिवार का पेट भरें? दूसरी और आरपीएफ भूखे हॉकरों की रोजी रोटी छीन रहा है. लाठियां चलायी जा रही हैं. हॉकर इमानदारी से कमाना खाना चाह रहे हैं, क्या यह अपराध है? ऐसा कोई कार्य नहीं कर रहे जो नियम विरूद्ध हो.
वरीय डीसीएम श्री उपाध्याय ने बताया दिये ज्ञापन को वे मंडल रेल प्रबंधक तक पहुंचा देंगे. प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व जोगेंद्र झा, श्रीकांत, दीना नाथ, सुरेश राम, हरे कांत राय आदि ने किया. सैकड़ों हॉकरों ने इसमें भागीदारी की.
