मालदा में बीएसएफ को मिली सफलता, एक आरोपी को दबोचा
48 नकली नोट किये गये बरामद
कई और लोगों के नाम का हुआ खुलासा
मुख्य आरोपी का बांग्लादेश है आना -जाना
नदिया का रहनेवाला है मुख्य आरोपी
मालदा : बीएसएफ के खुफिया विंग के अधिकारियों ने एक बार फिर दो हजार रुपये के नकली नोट बरामद किये हैं. 24वीं बटालियन द्वारा यह कार्रवाई की गयी है. कुल 96 हजार रुपये बरामद किये गये हैं और सभी नये दो हजार रुपये के नकली नोट हैं. इस मामले में सरीफुल साह (26) नामक एक युवक को गिरफ्तार भी किया गया है. वह नदिया जिला के थानापाड़ा इलाके के फाजिलनगर गांव का रहनेवाला है.
क्या है घटना
सोमवार सुबह वैष्णवनगर थाना के एनटीपीसी टाउनशिप बोर्ड के निकट 34 नंबर राष्ट्रीय राजमार्ग से उसे दबोचा गया. उसके पास से दो हजार के 48 नकली नोट बरामद किये गये. बीएसएफ दक्षिण फ्रंटियर के पीआरओ आरपीएस जायसवाल ने बताया है कि आरोपी सरीफुल इससे पहले भी जाली नोट के कारोबार को अंजाम दे चुका है. उसके खिलाफ इस तरह के मामले को लेकर किसी थाने में शिकायत दर्ज है या नहीं, इसकी जांच की जा रही है. कड़ी पूछताछ के बाद सोमवार को उसे वैष्णवनगर थाना के हवाले कर दिया गया.
बीएसएफ तथा पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी रविवार रात को नदिया से यहां आया था. रात को ही उसने वैष्णवनगर थाना इलाके के चरीअनंतपुर से मती नामक एक व्यक्ति से यह सभी नकली नोट लिये थे. पूछताछ के दौरान उसने और भी कई नाम बताये हैं. खुफिया विभाग द्वारा उन लोगों की तलाश की जा रही है. सूत्रों ने बताया कि मती नामक व्यक्ति का पूरा नाम मतीउर रहमान है. वह कई बार बांग्लादेश भी आ-जा चुका है. उसके खिलाफ पहले से ही नकली नोट के कारोबार के आरोप लग चुके हैं. सूत्रों ने बताया कि पांच सौ व हजार रुपये के नोट रद्द कर देने के बाद उसके पास बड़े पैमाने पर हजार तथा पांच सौ के नकली नोट होने की खबर खुफिया विभाग को मिली थी. कार्रवाई होती इससे पहले ही उन नोटों को जला दिया गया था. खुफिया सूत्रों ने आगे कहा कि जो नकली नोट पकड़े गये हैं, वे जेरोक्स नहीं है. अत्याधुनिक तरीके से मशीन द्वारा उसकी छपाई की गयी है.
उल्लेखनीय है कि 18 फरवरी को भी वैष्णवनगर थाना के भारत-बांग्लादेश सीमा पर चरिअनंतपुर से दो लाख रुपये के नये दो हजार के नकली नोट बीएसएफ ने बरामद किये थे. उस मामले के साथ सोमवार बरामद नोट के कनेक्शन की भी जांच की जा रही है. बीएसएफ सूत्रों का कहना है कि दोनों दिनों के जब्त नोट में काफी समानताएं हैं. प्राथमिक जांच के बाद बीएसएफ अधिकारियों को पता चला है कि बांग्लादेश के शिवगंज इलाके में हाबिल शेख नामक एक व्यक्ति इस नकली नोट के कारोबार को चला रहा है. उसके कई एजेंट भारतीय सीमा क्षेत्र में घूम रहे हैं. जिस मतीउर रहमान का नाम सामने आया है, उसकी तलाशी की जा रही है. बीएसएफ सूत्रों का कहना है कि एक बार उसकी गिरफ्तारी के बाद कई तथ्यों का खुलासा होने की संभावना है.
बांग्लादेशी करेंसी के साथ दो गिरफ्तार
कोलकाता. बीएसएफ ने बांग्लादेशी करेंसी (टाका) के साथ दो भारतीयों को गिरफ्तार किया है. घटना नदिया जिला के छापरा थानांतर्गत महाकोला बॉर्डर आउट पोस्ट इलाके की है. प्राप्त जानकारी के अनुसार सोमवार सुबह बीएसएफ की 81वीं बटालियन की एक टुकड़ी ने महाकोला गांव में एक विशेष अभियान चलाया. इस दौरान बीएसएफ टुकड़ी ने दो संदिग्ध लोगों को पकड़ कर उनकी तलाशी ली, तो उनके पास से आठ लाख बांग्लादेशी टाका (बांग्लादेशी करेंसी) बरामद हुआ.
दोनों को फौरन गिरफ्तार कर लिया गया. गिरफ्तार लोगों के नाम अबु सुद्दीन सरदार व शाहीद अली सिंह हैं. दोनों हटखोला गांव के निवासी हैं. गिरफ्तार लोगों को पुलिस के हवाले कर दिया गया. बीएसएफ साउथ बंगाल फ्रंटियर ने 2016 में 2927938 बांग्लादेशी टाका जब्त किया, जबकि पांच तस्करों की गिरफ्तारी हुई. वहीं 2017 में अब तक 812362 बांग्लादेशी करेंसी की जब्त हो चुकी है आैर चार तस्कर गिरफ्तार किये गये हैं.
