Mahakumbh 2025: 26 फरवरी के बाद भी जारी रहेगा महाकुंभ? अखिलेश यादव ने समय सीमा बढ़ाने की मांग की

Mahakumbh 2025: 13 जनवरी से जारी प्रयागराज महाकुंभ में अब तक 51 करोड़ से अधिक श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगा चुके हैं. इस बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने महाकुंभ की समय सीमा बढ़ाने की मांग की दी है.

Mahakumbh 2025: प्रयागराज महाकुंभ में श्रद्धालुओं की संख्या को लेकर यूपी सूचना विभाग ने रविवार को आंकड़ा जारी किया. जिसके अनुसार 15 फरवरी तक 51.47 करोड़ से अधिक लोगों ने पवित्र डुबकी लगाई. रविवार शाम 4 बजे तक 1.18 करोड़ लोगों ने पवित्र डुबकी लगाई. इस बीच पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने महाकुंभ की समय सीमा को बढ़ाने की मांग की. उन्होंने इसको लेकर एक्स पर पोस्ट लिखा. उन्होंने महाकुंभ को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार पर भी हमला बोला.

मेले को कुछ और दिनों के लिए बढ़ा दिया जाए : अखिलेश यादव

अखिलेश यादव ने महाकुंभ की समय सीमा बढ़ाने की मांग करते हुए लिखा, मेले के खराब इंतजाम और बीसों किलोमीटर पैदल चलने पर मजबूर होने की वजह से लाखों-करोड़ों बड़े-बुजुर्ग यहां नहीं आ पाए. महंगाई की वजह से गरीब यहां तक नहीं पहुंच पाए. और तो और प्रयागराज के लाखों स्थानीय निवासी भी जाम और मेहमानों की वजह से स्नान नहीं कर पाये. इसलिए हमारी मांग है कि मेले में व्यवस्थाओं को कुछ और दिनों के लिए बढ़ा दिया जाए जिससे जो वृद्ध, गरीब या प्रयागराजवासी स्नान से वंचित रह गये हैं, उनको पुण्य कमाने का अवसर मिल सके.

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अखिलेश यादव का दावा महाकुंभ में 60 करोड़ से अधिक लोग कर चुके हैं स्नान

अखिलेश यादव ने महाकुंभ में स्नान करने वालों की संख्या को लेकर सरकार के इतर दावा कर दिया है. उन्होंने एक्स पर लिखा, “हमारा तो मानना है कि महाकुंभ में लगभग 60 करोड़ लोग स्नान कर चुके हैं. सरकार इसलिए आंकड़ा घटाकर दिखा रही है क्योंकि कल को जब इंटरनेशनल मीडिया या यूनिवर्सिटी इस मेले के Administration & Management के बारे में Study करेगा तो पाएगा कि जितने लोग आए थे, उनके हिसाब से उचित प्रशासन और प्रबंधन नहीं किया गया था. जो भाजपा सरकार की नाकामी है. इसीलिए मेला फेल हो जाने के बाद ये जानबूझकर कम गिनती दिखा रहे हैं. ये मंच से मेले के बारे में चाहे कुछ बोलें लेकिन मन से ये भी जानते हैं कि मेले की असफलता के पीछे उनकी अपनी कमियां-खामियां रही हैं, जिससे देश और दुनिया में उप्र की छवि को बहुत ठेस पहुंची है.

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By Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

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करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

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शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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