नयी दिल्ली / लखनऊ : उत्तर प्रदेश के हाथरस में 19 वर्षीया लड़की से सामूहिक बलात्कार मामले की जांच के लिए सीबीआई की टीम मंगलवार को घटनास्थल पर पहुंच कर जांच शुरू की. साथ ही हाथरस हादसे के शिकार भाई को घटनास्थल पर बुला कर घटनास्थल का निरीक्षण किया.
सीबीआई की टीम ने पीड़िता लड़की के को बुलाकर घटनास्थल की पहचान करने और स्थानीय पुलिस को घटनास्थल की घेराबंदी का निर्देश दिया.
जांच करने हाथरस पहुंची अधिकारियों की टीम ने कहा कि संभावना जतायी है कि जांचकर्ता, केंद्रीय अपराध विज्ञान प्रयोगशाला (सीएफएसएल) के विशेषज्ञों के साथ एक बार फिर अपराध के दृश्य की पुनर्संरचना करेंगे.
मालूम हो कि हाथरस में सितंबर माह में पीड़िता लड़की की सामूहिक बलात्कार और मारपीट के बाद इलाज के लिए दिल्ली स्थित सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां 29 सितंबर को पीड़िता की मौत हो गयी थी.
परिवार वालों ने पीड़िता की मौत के बाद अपनी इच्छा के विरुद्ध शव का दाह संस्कार रात के अंधेरे में करने का आरोप लगाया था. इसके बाद घटना को लेकर उत्तर प्रदेश में सियासी बवाल होने लगा. नेताओं के दौरे और सियासी बवाल के बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी.
मामले की प्राथमिकी सीबीआई द्वारा दर्ज किये जाने के बाद प्रवक्ता आरके गौर ने कहा था, ”शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि 14 सितंबर, 2020 को आरोपित ने बाजरे के खेत में उसकी बहन की गला दबाकर हत्या करने का प्रयास किया था.”
