UP News: आगरा में जीआरपी ने चलती ट्रेनों में चोरी करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इनके पास से करीब 25 लाख रुपये के जेवर बरामद हुए हैं. पूछताछ में मुख्य आरोपी ने चोरी की ऐसी वजह बताई, जिसने पुलिस को भी चौंका दिया. आरोपी के मुताबिक, उसकी प्रेमिका कैंसर से जूझ रही है और उसके इलाज में अब तक करीब 80 लाख रुपये खर्च हो चुके हैं. इसी के बाद वह चोरी की वारदातों में शामिल हो गया.
कभी NEET क्वालिफाई किया, फिर बदल गई जिंदगी
पुलिस पूछताछ में मुख्य आरोपी की पहचान पुनीत गंगवार (30) के रूप में हुई है. वह पीलीभीत के पूरनाजहानाबाद गांव का रहने वाला है. पुनीत ने साल 2017 में NEET क्वालिफाई किया था. इसके बाद पेपर लीक होने के कारण परीक्षा स्थगित हो गई. उसने आगे की पढ़ाई छोड़ दी. इसके बाद उसकी जिंदगी ने अलग मोड़ ले लिया. पुलिस के मुताबिक, वह चोरी की वारदातों में शामिल होने लगा.
प्रेमिका को कैंसर, इलाज में खर्च हो गए 80 लाख
पुलिस की पूछताछ में पुनीत ने अपनी प्रेमिका की बीमारी का जिक्र किया. उसने बताया कि उसकी प्रेमिका को कैंसर है. उसके इलाज में अब तक करीब 80 लाख रुपये खर्च हो चुके हैं. इलाज का खर्च जुटाने के लिए ही उसने चोरी का रास्ता अपनाया. पुलिस के मुताबिक, ज्यादातर पैसा चोरी की वारदातों से जुटाया गया था.
चलती ट्रेनों को बनाया निशाना
आगरा कैंट जीआरपी ने पुनीत के साथ उसके साथी आकाश पाल (29) को भी गिरफ्तार किया है. आकाश लखनऊ के गोमती नगर का रहने वाला है. दोनों पर चलती ट्रेनों में चोरी करने का आरोप है. पुलिस ने उनके पास से करीब 25 लाख रुपये के जेवर बरामद किए हैं.
स्टेशन पर चेकिंग के दौरान पकड़े गए
सीओ जीआरपी राजेश दीक्षित ने बताया कि पुनीत गंगवार पीलीभीत के पूरनाजहानाबाद गांव का रहने वाला है. उसका साथी आकाश पाल लखनऊ के गोमती नगर का निवासी है. जीआरपी कैंट प्रभारी और आरपीएफ की टीम मंगलवार शाम कैंट स्टेशन पर चेकिंग कर रही थी. इसी दौरान दोनों संदिग्ध पुलिस की पकड़ में आ गए.
25 लाख के जेवर से खुलेगा चोरी का पूरा राज?
गिरफ्तारी के बाद पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है. बरामद करीब 25 लाख रुपये के जेवर को लेकर भी जांच की जा रही है. पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों ने अब तक कितनी ट्रेनों में चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है और बरामद जेवर किन घटनाओं से जुड़े हैं.
