ऑटो रिक्शा ड्राइवर से मांगा गया 4.39 करोड़ रुपये का टैक्स, जानें क्या है पूरा मामला

demanded tax of Rs 4.39 crore, Auto rickshaw driver in Barmer, Rajasthan, demanded tax, GST evasion, fake company, tax notice to auto driver राजस्थान के बारमेर से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आ रही है. बताया जा रहा है, एक ऑटो रिक्शा ड्राइवर से टैक्स डिपार्टमेंट की ओर से 4.39 करोड़ रुपए का टैक्स डिमांड नोटिस जारी किया गया है.

  • ऑटो रिक्शा ड्राइवर से मांगा गया 4.39 करोड़ रुपए का टैक्स

  • ऑटो चालक ने दस्तावेज चोरी का लगाया आरोप

  • दिल्ली की एक शेल कंपनी ने ऑटो चालक के दस्तावेज का किया गलत इस्तेमाल

राजस्थान के बारमेर से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आ रही है. बताया जा रहा है, एक ऑटो रिक्शा ड्राइवर से टैक्स डिपार्टमेंट की ओर से 4.39 करोड़ रुपए का टैक्स डिमांड नोटिस जारी किया गया है.

नोटिस मिलने के बाद ऑटो रिक्शा चालक हैरान और परेशान है. नोटिस में बताया गया कि उसके नाम पर एक कंपनी है, जिसका टर्नओवर 32.62 करोड़ रुपये है. इधर मामला सझने के बाद ऑटो रिक्शा चालक पुलिस के पास शिकायत करने पहुंचा. उसने पुलिस के सामने उसके दस्तावेजों के दुरुपयोग की शिकायत की. हालांकि मीडिया रिपोर्ट के अनुसार पुलिस ने अब तक ऑटो रिक्शा चालक की शिकायत पर मामला दर्ज नहीं किया है.

क्या है मामला

जब यह मामला मीडिया में आयी तो, हर कोई जानकर हैरान हुआ. जांच होने के बाद पता चला की दिल्ली की एक शेल कंपनी बनाते समय उसी ऑटो चालक के डॉक्युमेंट्स का फर्जी उपयोग किया गया. बारमेर के बाखासर पुलिस के अनुसार पानोरिया ब्लॉक के रहने वाले गाजेदन चारन को हाल ही में 4.39 करोड़ रुपये का टैक्स नोटिस मिला. पुलिस ने बताया कि यह टैक्स डिमांड 32.63 करोड़ रुपये के लेनदेन के आधार पर की गई थी.

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क्या कहा ऑटो चालक ने ?

इधर जब टैक्स नोटिस मिला तो ऑटो चालक ने कहा, मैं एक ऑटो चालक हूं और मुश्किल से 10-15 हजार रुपये कमाता हूं. उसने कहा, मैंने आज तक कोई भी कंपनी नहीं बनाया और न ही कोई लेन-देन किया. उसने आगे कहा, ऐसा लगता है कि किसी ने मेरे दस्तावेज चुराये और फर्जी कंपनी बनाई. ऑटो चालक ने पुलिस पर भी आरोप लगाया है कि उसकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की गयी है. हालांकि बाखासर पुलिस के एसएचओ ने बताया, चारन की शिकायत पर जीएसटी डिपार्टमेंट से दस्तावेज मांगे गए हैं. वहां से दस्तावेज आने के बाद जल्द जांच शुरू की जाएगी.

प्राइवेट फाइनेंस कंपनी से दस्तावेज गायब होने की आशंका

इधर ऑटो चालक ने बताया कि उसने एक प्राइवेट फाइनेंस कंपनी से लोन लिये थे. जिसके लिए उसने अपने दस्तावेज दिये थे. ऑटो चालक ने आशंका जतायी है कि हो सकता है कि उसी फाइनेंस कंपनी से उसके दस्तावेज की चोरी हुई हो. इधर इस मामले में जीएसटी कंपनी ने भी जांच शुरू कर दी है.

Posted By – Arbind kumar mishra

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