Rourkela News: स्टील वर्कर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसडब्ल्यूएफआइ) का 10वां अखिल भारतीय सम्मेलन 6-7 सितंबर को राउरकेला में आयोजित होने जा रहा है. इस सम्मेलन में देश के सभी इस्पात कारखानों और खदान श्रमिकों के लगभग 300 नेता प्रतिनिधि के रूप में भाग लेंगे.
2012 में राउरकेला में हुआ था आठवां सम्मेलन
इस्पात और खदान श्रमिकों की विभिन्न समस्याओं, इस्पात श्रमिकों के एनजेसीएस समझौते में देरी, स्थायी श्रमिकों की विभिन्न समस्याओं, देश के सार्वजनिक क्षेत्र के उद्योगों की वर्तमान स्थिति और सरकार की श्रमिक विरोधी एवं निजीकरण नीतियों पर सम्मेलन में भाग लेने वाले प्रतिनिधियों द्वारा चर्चा की जायेगी और आगामी दिनों के लिए कार्यक्रम का प्रारूप इसी सम्मेलन में तय किया जायेगा. इससे पहले 2012 में एसडब्ल्यूएफआइ का 8वां सम्मेलन राउरकेला में आयोजित किया गया था. चूंकि संगठन का 10वां अखिल भारतीय सम्मेलन 13 वर्षों के बाद राउरकेला में हो रहा है, इसे सफल बनाने के लिए एक स्वागत समिति का गठन किया गया है. इसके अध्यक्ष बणई के विधायक लक्ष्मण मुंडा है. स्वागत समिति की बैठक स्थानीय श्रमिक भवन सेक्टर 16 में हुई.
सम्मेलन को सफल बनाने का किया गया आह्वान
स्वागत समिति के मुख्य प्रायोजक और सीटू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विष्णु मोहंती शामिल हुए और सम्मेलन को पूरी तरह सफल बनाने का आग्रह किया क्योंकि यह सुंदरगढ़ जिले और ओडिशा के लिए सम्मान की बात है. स्वागत समिति के उपाध्यक्ष श्रीमंत बेहरा की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में अन्य लोगों के अलावा समिति के कार्यकारी अध्यक्ष प्रमोद सामल, उपाध्यक्ष बीबी माइती, महासचिव बसंत नायक, कोषाध्यक्ष बीपी महापात्र, सचिव राजकिशोर प्रधान, सुरेश बेहुरिया, प्रदीप सेठी, रत्नाकर नायक, पर्वत महंती, विश्वजीत माझी, चंद्रभानु दास, लक्ष्मीधर नायक, दिवाकर महाराणा, एनएन पाणिग्रही, सुरेंद्र मोहंती, अरु दास, विनय बेहुरिया, एनके राउतराय, प्रदोष परिडा, संजय नायक, जेके साहू, अरुण महराणा ने मुख्य रूप से चर्चा में भाग लिया और सम्मेलन को सफल बनाने का आह्वान किया.
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